हिमाचल विश्वविद्यालय में सेवारत महिला शिक्षक और गैर शिक्षक कर्मचारियों को अब ड्यूटी के समय में अपने छोटे बच्चों की चिंता नहीं सताएगी। महिला कर्मियों की सुविधा के लिए विवि प्रशासन ने कैंपस में ही क्रैच खोल दिया है। कुलपति प्रो. सिकंदर कुमार ने मंगलवार को परिसर में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय और महिला एवं बाल कल्याण विकास के तत्वाधान में खुले इस क्रेच का शुभारंभ किया।
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने इसके लिए एचपीयू परिसर में जगह उपलब्ध करवा दी। इस क्रेच में विवि कर्मियों के साथ ही आसपास के क्षेत्र के बच्चों को भी छोड़ा जा सकता है। यहां बच्चों की देखभाल आंगनबाड़ी कार्यकर्ता करेंगी और इसमें वो तमाम सुविधाएं मिलेंगी जो हर आंगनबाड़ी केंद्र में दी जाती हैं। बच्चों की सही ढंग से देखभाल के साथ ही, खेल-खेल में उन्हें सीखाने और पढ़ाने की व्यवस्था भी रहेगी। इस मौके पर कुलपति प्रो. सिकंदर कुमार ने कहा कि इससे विवि कर्मचारियों के बच्चों की अच्छे ढंग से देखभाल हो सकेगी और उन्हें बेहतर संरक्षण मिलेगा।
कुलपति ने इस सुविधा को विवि में शुरू किए जाने पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल का आभार व्यक्त किया है। विवि के कर्मचारी लंबे समय से लगातार इस मांग को उठाते रहे हैं। विवि ईसी की पूर्व सदस्य राज कुमारी और वर्तमान में ईसी मेंबर विपिन कुमार भी इस मांग को प्रमुखता से उठाते रहे हैं।
पूर्व ईसी सदस्य के कार्यकाल में ईसी से ऐसी सुविधा कर्मचारियों को दिए जाने का फैसला लिया था जिसे अब शुरू किया गया है। क्रेच के उद्घाटन अवसर पर विवि के प्रति कुलपति प्रो. राजिंद्र सिंह चौहान, डीएस प्रो. अरविंद कालिया, चीफ वार्डन प्रो. नैन सिंह, मुख्य सुरक्षा अधिकारी सहित जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल कल्याण ईरा तंवर और विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी तथा अधिष्ठाता मौजूद रहे।