डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया ने प्रदेश के एक मात्र सरकारी डेंटल कॉलेज में 15 अतिरिक्त सीटें बढ़ाने के भेजे गए प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी है। डीसीआई ने प्रस्ताव अब केंद्र सरकार की अंतिम मंजूरी के लिए भेज दिया है।
प्रदेश के छह मेडिकल कॉलेजों में इसी सत्र से 720 एमबीबीएस की सीटें भरी जा रही हैं। शिमला स्थित डेंटल कॉलेज में 60 छात्रों के चल रहे बैच में भी 15 और सीटें बढ़ाने को मंजूरी मिलने युवाओं को अधिक मौका मिलेगा।
डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया के सदस्य और राजकीय दंत चिकित्सा महाविद्यालय शिमला प्राचार्य डॉ. आशु गुप्ता ने कहा कि सीटों को बढ़ाने का प्रस्ताव केंद्र को भेज दिया गया है।
निदेशक चिकित्सा शिक्षा डॉ. रवि चंद ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के छात्रों को दस फीसदी आरक्षण इसी सत्र से लागू करने के केंद्र और प्रदेश सरकार के फैसले के बाद सरकार ने आरक्षण लागू होने से किसी अन्य वर्ग को नुकसान न हो, इसलिए अलग से सीटें बढ़ाकर आरक्षण सुविधा देने का फैसला लिया था।
जिसे एमसीआई और डीसीआई की मंजूरी को भेजा था। एमबीबीएस कोर्स में 120 अतिरिक्त सीटें भरने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। दोनों कोर्स में सीटें बढ़ने से प्रदेश के युवाओं का लाभ होगा।