मैहतपुर में स्थापित क्वारंटीन सेंटर की तमाम व्यवस्थाओं में प्रशासन ने बदलाव कर दिया है। दिल्ली पंजाब, हरियाणा से आए मैहतपुर पहुंचे कांगड़ा, हमीरपुर और ऊना के लोगों को जिलावार शिफ्ट किया गया है। स्थानीय नगर परिषद के बाईया देसराज सामुदायिक भवन में क्वारंटीन किए गए इन लोगों को अब एक हाल में रखने के बजाय अलग-अलग सेंटरों में शिफ्ट किया है। बसदेहड़ा के सामुदायिक भवन में अब केवल कांगड़ा जिला के ही करीब 34 लोगों को रखा है। ऊना जिला से ताल्लुक रखने वाले करीब 33 लोगों को रायपुर सहोड़ां और हमीरपुर जिला के 21 लोगों को नंगड़ा में क्वारंटीन किया गया है।
सोमवार को इन सब को स्थानीय बाईया देसराज ठाकुर सामुदायिक भवन में रखा गया था। स्थानीय नगर परिषद अध्यक्ष मंजू चंदेल ने कहा कि इन लोगों के लिए तेल साबुन से लेकर सैनिटाइजर तक मुहैया करवा दिए गए हैं। सामुदायिक भवन में बने दस शौचालयों को खोला गया है। तीन अस्थायी शौचालयों का भी इंतजाम किया है। सुबह नाश्ता, दोपहर और रात का खाना उपलब्ध करवाया जा रहा है।
दिक्कतों पर अमर उजाला में समाचार प्रकाशित होने के बाद प्रशासन के हरकत में आते ही क्वारंटीन किए गए तमाम लोगों को सामाजिक संगठनों की सहायता से भी हरसंभव मदद दी जा रही है। नायब तहसीलदार राजेंद्र कुमार ने बताया कि क्वारंटीन किए लोगों को जिलावार शिफ्ट कर दिया गया है। उन्हें कोई दिक्कत न हो, इसका पूरा ख्याल रखा जा रहा है। उपायुक्त संदीप कुमार ने बताया कि बीती शाम ही अधिकांश लोगों को यहां से शिफ्ट कर दिया गया था ताकि भीड़ कम की जा सके। स्थानीय प्रशासन को व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
दिल्ली के निजामुद्दीन में धार्मिक स्थल में हिमाचल के लोगों की सूचना ने खलबली मचा दी है। औद्योगिक क्षेत्र बीबीएन में मस्जिद व मकरज से भी ऐसे 43 लोगों की पहचान कर उन्हें क्वारंटीन कर दिया गया है। पुलिस व प्रशासन की टीमों ने बीबीएन में जगह-जगह पर धार्मिक स्थलों पर जाकर पड़ताल की और यहां आए लोगों को क्वारंटीन कर दिया। इनके लिए क्वारंटीन शेल्टर होम बनाए गए हैं। प्रदेश में भी निजामुद्दीन से आए लोगों की सूची जारी हो चुकी है। हालांकि, दिल्ली से आए ये लोग चंबा व कुल्लू से संबंधित हैं लेकिन सूबे में भी मुस्तैदी बढ़ गई है।
पड़ोसी राज्यों हरियाणा व पंजाब की सीमा से सटे औद्योगिक क्षेत्र बीबीएन के धार्मिक स्थलों में जांच पड़ताल शुरू हो गई है। मंगलवार को यहां 43 लोग पाए गए, जिनमें नालागढ़ रामशहर मार्ग पर स्थित धार्मिक स्थल में 17 और बीबीएन के अन्य धार्मिक क्षेत्रों के लोग शामिल हैं। एसपी रोहित मालपानी ने कहा कि बीबीएन के धार्मिक स्थलों में से 43 लोगों की पहचान हुई है, जिन्हें क्वारंटीन करके शेल्टर होम में रखा गया है। एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग को इन लोगों के स्वास्थ्य जांच के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। इनके रहने, ठहरने व खाने-पीने की व्यवस्था प्रशासन करेगा।
वहीं, दिल्ली के निजामुद्दीन में तब्लीग जमात में जिला कुल्लू के भुंतर का व्यक्ति भी शामिल होने गया था। पुलिस का कहना है कि इस व्यक्ति को अभी कुल्लू में प्रवेश करने नहीं दिया जाएगा। यह व्यक्ति 29 नवंबर 2019 को दिल्ली रवाना हुआ था और 20 अप्रैल तक वहीं रुकना था। पंचायत उपप्रधान रूचिन चौहान ने मंगलवार को बताया कि वह व्यक्ति के घर गए और इस संबंध में जानकारी ली है।
पंचायत इस पर नजर रखे हुए है। पुलिस अधीक्षक कुल्लू गौरव सिंह ने कहा कि अभी तक जांच में पाया है कि व्यक्ति अभी कुल्लू में नहीं है। वह अभी भी दिल्ली में है। कुल्लू पुलिस कड़ी निगरानी कर रही है। व्यक्ति के घर की भी जांच की गई है। व्यक्ति को फिलहाल कुल्लू में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी।