सऊदी अरब के रियाद से 14 अन्य स्थानीय युवकों के साथ जेल में बंद रहे हरजिंद्र सिंह, रवि कुमार, विक्रम व मनोज कुमार को वो पल आज भी नहीं भूलते।
उन्होंने बताया कि जब प्रदेश सरकार के माध्यम से उनके रियाद में कैद होने का मामला सुषमा स्वराज तक पहुंचा तो उनकी घर वापसी की उम्मीद पक्की हो गई थी।
उन्होंने कहा कि सुषमा स्वराज ने विदेश मंत्री रहते एक मां की तरह दर्द समझा और घर वापसी संभव कराई। उन्हाेंने कहा कि सुषमा स्वराज के इस कर्ज को वे कभी नहीं चुका पाएंगे।