हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड की मार्च 2019 में होने वाली दसवीं और बाहरवीं कक्षा की परीक्षा सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में होगी। इसके लिए प्रदेशभर में स्थापित सेंटरों में कैमरे लगाने की व्यवस्था की जा रही है। जिला शिमला में बोर्ड की परीक्षा के लिए प्रस्तावित 238 परीक्षा केंद्रों में से 122 में सीसीटीवी कैमरे लग चुके हैं। 27 सरकारी स्कूल ऐसे हैं जहां अपने फंड से सीसीटीवी कैमरा लगाए जाएंगे। यहां 15 फरवरी तक कैमरे इंस्टाल करने की प्रक्रिया पूरी की जानी है।
शेष बचे 109 ऐसे परीक्षा केंद्र हैं जिनके पास सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए फंड ही नहीं हैं। इन परीक्षा केंद्रों की सूची उपनिदेशक कार्यालय शिमला ने निदेशालय को भेज दी है। इन्हें भी 10 फरवरी से पहले इसके लिए निदेशालय से फंड जारी होने की उम्मीद है। स्कूल शिक्षा बोर्ड की यह कवायद नकल पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए शुरू की है। सरकारी स्कूलों के शिक्षक और प्रधानाचार्य अब स्वयं परीक्षा केंद्र में सीसीटीवी कैमरे लगाने की वकालत कर रहे हैं। यह नकल रोकने की दिशा में एक अच्छा संकेत माना जा रहा है।
आनलाइन मानीटरिंग की रहेगी व्यवस्था
परीक्षा केंद्रों में कैमरे लगने के बाद इनकी आनलाइन मानीटरिंग निदेशालय और स्कूल शिक्षा बोर्ड के कार्यालय तथा जिला स्तर पर बनाए कंट्रोल रूम में संभव हो सकेगी। लेकिन कुछ जगह बिजली और इंटरनेट न होने से दिक्कतें भी आ रही हैं। ऐसे दस केंद्रों को अपग्रेड करने का कार्य शुरू किया जा चुका है।
चल रही कैमरे लगाने की प्रक्रिया : बत्ता
उपनिदेशक उच्चतर शिक्षा राजेशवरी बत्ता ने कहा कि अब तक बोर्ड परीक्षा को बनाए 238 परीक्षा केंद्रों में से 129 में कैमरे लगाए जा चुके हैं। शेष में 15 फरवरी तक कैमरे लग जाएंगे। इनकी सूची निदेशालय को भेज दी है। फंड मिलते ही सीसीटीवी कैमरे लगा दिए जाएंगे। कहा कि कैमरे के अलावा बोर्ड और स्थानीय प्रशासन के उड़न दस्ते अलग से परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर नकल रोकने का प्रयास करेंगे।