बद्दी (सोलन)। हर साल बीबीएन क्षेत्र में बरसात से होने वाले नुकसान से निपटने के लिए उपमंडल प्रशासन ने कवायद तेज कर दी है। इसके लिए जल्द ही कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा। उपमंडल प्रशासन ने बीबीएन क्षेत्र के नदी-नालों किनारे रहने वाले लोगों व प्रवासियों को अन्यत्र विस्थापित करने के आदेश जारी कर दिए हैं। अब बरसात की स्थिति में आपदा से निपटने के लिए और तुरंत राहत पहुंचाने के लिए कंट्रोल रूम स्थापित किया जा रहा है। इसके लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों की सूची उपमंडल प्रशासन ने मंगवा ली गई है। हर वर्ष बरसात में लाखों की संपदा नष्ट हो जाती है। ऐसे में त्वरित कार्रवाई के लिए और नुकसान को कंट्रोल करने के लिए उपमंडल प्रशासन यह कंट्रोल रूम स्थापित करता है, जो कि मिनी सचिवालय परिसर में ही बनाया जाता है। यह कंट्रोल रूम 24 घंटे आपात सेवाएं उपलब्ध करवाएगा। इस कंट्रोल रूम में सूचना मिलते ही तुरंत ही राहत व बचाव कार्य शुरू हो जाएगा।
उपमंडल प्रशासन ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि उपमंडल में असुरक्षित स्थानों पर रह रहे प्रवासियों को सुरक्षित स्थानों पर विस्थापित किया जाए। इसके लिए उपमंडल प्रशासन ने बीबीएनडीए के कार्यकारी अधिकारी, तहसीलदार नालागढ़ एवं बद्दी, खंड विकास अधिकारी नालागढ़, कार्यकारी अधिकारी नगर परिषद नालागढ़ एवं बद्दी सहित उपमंडल की विभिन्न पंचायतों के सचिवों एवं प्रधानों से आह्वान किया है कि उपमंडल में विभिन्न स्थानों पर रह रहे सभी प्रवासी परिवारों को सुरक्षित एवं उचित स्थान पर विस्थापित किया जाए।
मिनी सचिवालय में होगा कंट्रोल रूम : एसडीएम
एसडीएम नालागढ़ आशुतोष गर्ग ने कहा कि जल्द ही मिनी सचिवालय में कंट्रोल रूम स्थापित कर दिया जाएगा। नदी-नालों किनारे रहने वाले लोगों को विस्थापित करने के लिए उपमंडल के अधिकारियों को निर्देश जारी किए जा चुके हैं। उन्होंने उपमंडल के विभिन्न भू-मालिकों से कहा गया है कि यदि उन्होंने अपनी निजी भूमि में प्रवासियों को रहने का स्थान दिया है तो यह सुनिश्चित बनाया जाए कि यह स्थान सुरक्षित हो।