108 और 102 एंबुलेंस कर्मचारी के हड़ताल पर जाने से प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो गई है। यूनियन के पदाधिकारियों की एनएचएम निदेशक के साथ हुई बैठक में मांगों पर फैसला न होने पर इन कर्मचारियों ने हड़ताल पर जाने का फैसला लिया है। वर्करों ने अस्पताल के आगे एंबुलेंस को खड़ी कर चाबी प्रशासन को सौंप दी है।
कार्यालय में धड़ाधड़ फोन की घंटियां बजती रही लेकिन कोई भी एंबुलेंस न तो मरीजों को अस्पताल लाने गई और न ही छोड़ने के लिए घर गई है। हिमाचल में 324 एबुलेंस है। इसमें 108 वाली 192 और 102 वाली 132 एंबुलेंस है।
प्रदेश 108 और 102 एंबुलेंस वर्कर यूनियन के प्रधान पूर्ण चंद ने कहा कि कंपनी से निकाले गए 150 कर्मचारियों की वापसी, ओवर टाइम न दिया जाना और खाते में ईपीएफ न डाले जाने आदि मांगो को कंपनी नहीं मान रही है।
इसके चलते हड़ताल करने का फैसला लिया है। नेशनल हेल्थ मिशन के निदेशक मनमोहन शर्मा ने कहा कि सभी सीएमओ को वैकल्पिक व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इन हड़ताली कर्मचारियों से बात चल रही है। इन्हें हड़ताल समाप्त कर काम पर लौटने को कहा गया है।