बिना हाथों के इस तरह रहती है यह महिला
- फोटो : instagram/saritalbi
मां अपने बच्चे के लिए दुनिया जहान से लड़ सकती है। मां और बच्चे का रिश्ता दुनिया का सबसे अनमोल संबंध होता है। वहीं मां और बच्चे के प्रेम और स्नेह की तुलना किसी अन्य भावना से नहीं की जा सकती है। ऐसे में जब एक मां शारीरिक तौर पर असक्षम हो, तब भी वह अपने मातृत्व और कर्तव्यों से पीछे नहीं हटती। ऐसी ही एक मां की कहानी आपकी आंखें नम कर देगी। इस मां के दोनों हाथ नहीं है लेकिन बच्चे के देखभाल में वह कोई कमी नहीं छोड़ती। पैरों से सारे कार्य करती है। फिर चाहे खाना बनाना हो या फिर बच्चे की जरूरतों को पूरा करना हो। अपने बच्चे को इस मां ने कभी महसूस नहीं होने दिया कि वह अन्य माओं से अलग या कमतर है। महिला के वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर हो रहे हैं। इस मां की कहानी हर महिला के लिए प्रेरणा है। चलिए जानते हैं दोनो हाथों के बिना जीवन जी रही इस महिला के बारे में
मां के नहीं दोनों हाथ
ब्रुसेल्स की बेल्जियम की रहने वाली सारा तलबी नाम की महिला के जन्म से ही दोनों हाथ नहीं हैं। सारा तलबी की इस शारीरिक कमी के कारण उनका बचपन आसान नहीं गुजरा। हालांकि तब उनके परिवार ने सारा को संभाला। लेकिन अब सारा खुद के नन्हीं बच्ची की मां है। सारा तलबी की तीन साल की बेटी है, जिसका नाम लिलिया है। सारा शारीरिक तौर पर असक्षम होने के बाद भी अपनी तीन साल की बेटी की देखभाल करती हैं। बेटी की सारी जिम्मेदारी और कार्य वह पैरों के सहारे करती हैं।
बेटी के पालन में कमी नहीं
सारा तलबी ने अपनी बेटी को पालने के लिए कभी कोई कमी नहीं रखी। जब सारा ने बच्ची को जन्म दिया तो उनके मन में डर था कि कहीं उनकी दिव्यांगता की वजह से बेटी को कोई तकलीफ न हो। वह बिना हाथों के बच्ची का लालन पालन कैसे करेंगीं, ऐसे सवाल सारा के मन में आए। कई बार अन्य मां की तरह वह भी अपनी बेटी को गोद में उठाकर प्यार करना चाहती लेकिन उनके लिए यह कर पाना आसान नहीं था।
पति ने दिया साथ
बिना हाथों के बेटी को संभालना सारा के लिए आसान हो सका, क्योंकि इस चुनौती में उनके पति ने सारा की मदद की। हालांकि जब पति घर पर नहीं होते तो सारा को ही बेटी के लिए सारे काम करने पड़ते हैं। बेटी के जन्म के बाद शुरुआती तीन महीने बहुत चुनौतीपूर्ण रहे क्योंकि उस समय बच्चा कमजोर होता है और उसे अतिरिक्त देखभाल की जरूरत होती है।
बिना हाथों के क्या काम करती हैं सारा
सारा ने अपने हाथ न होने की कमी को कभी जीवन में अड़चन नहीं बनने दिया। सारा स्टूल पर बैठकर एक पैर से चाकू और दूसरे पैर से सब्जियां पकड़कर काट लेती हैं। बच्ची के बालों में कंघी करनी होती है, तो सारा पैरों से ही बेटी के बाल संवारती हैं। वह बच्ची को कपड़े पहनाने से लेकर घर के अन्य काम भी पैरों के सहारे ही करती हैं।