कवच ऐप देशभर के स्कूल और बच्चों तक पहुंचेगा और उन्हें एंटी बुलिंग के बारे में जागरूक करेगा। ऐप के जरिए वेबिनार और वन टू वन टाॅक हो सकेगी। छात्र या पेरेंट्स की बिना नाम बताए शिकायत पर स्कूल और काउंसलर इसी घटनाओं में दखल देकर कोई एक्शन ले सकेंगे।
अनुष्का जाॅली के ऐप को मिली 50 लाख की फंडिंग
इस 13 साल की बच्ची को कामयाबी तब मिली जब, उन्होंने अपने एंटी बुलिंग ऐप कपच का आइडिया शार्क टैंक इंडिया के जजों के सामने रखा। अनुष्का के आइडिया को काफी पसंद किया गया और उन्हें रियलिटी शो पर ऐप के लिए 50 लाख रुपये की फंडिंग दी गई।
अनुष्का इसके पहले एंटी बुलिंग स्क्वाड भी बना चुकी हैं। जिससे बुलिंग को लेकर शिक्षण संस्थानों, सामाजिक संगठनों और विशेषज्ञों को मदद मिली। अनुष्का के एबीएस के जरिए 100 से ज्यादा स्कूल और कॉलेज के दो हजार से ज्यादा बच्चों की मदद की गई। एबीएस एक डिजिटल प्लेटफाॅर्म है, जिसे पिछले तीन साल से वह चला रही हैं। इसी के माध्यम से उन्हें कवच ऐप का भी आइडिया आया।