राजस्थान के विकास की कामना लेकर नई भाजपा सरकार हर धार्मिक स्थल पर मत्था टेकने की कवायद शुरू करेगी। जल्द ही मंदिरों में पूजा और दरगाहों पर चादर चढ़ाने के दौर शुरू होंगे।
मलमास खत्म होते ही ऐसे धार्मिक आयोजन गुरुद्वारे व गिरजाघर में भी चलेंगे। इसके लिए वसुंधरा राजे सरकार ने 38.80 लाख रुपए का विशेष बजट आवंटित किया। सरकार ने ऐसे 108 धार्मिक स्थलों का चयन किया है।
सरकार द्वारा सभी विभागों से तैयार कराई जा रही 60 दिन की विशेष कार्ययोजना के तहत देवस्थान विभाग की ओर से महाआरती व सांस्कृतिक कार्यक्रम तय किए गए।
सुख-समृद्धि की कामना से देवस्थान विभाग के मंदिरों में महाआरती की जाएगी, तो दरगाहों पर चादरपोशी का दौर चलेगा और गुरुद्वारों में अरदास व गिरजाघरों में प्रार्थना सभाएं होंगी।
विभाग के अधिकारियों के अनुसार ये कार्यक्रम 15 जनवरी से शुरू होंगे, जो फरवरी तक जारी रहेंगे।
देवस्थान विभाग द्वारा प्रत्येक धार्मिक स्थल पर पूजा-अर्चना, चादरपोशी या अरदास के लिए 10 हजार रुपए का बजट मंजूर किया जाएगा। वहीं प्रत्येक जगह सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए एक लाख रुपए का बजट रखा गया है।