उदयपुर में राजस्थान लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सब-इंस्पेक्टर (SI) भर्ती परीक्षा आज 5 अप्रैल से शुरू हो गई है। यह परीक्षा दो दिनों तक आयोजित की जा रही है, जिसमें प्रतिदिन दो-दो पारियों में एग्जाम हो रहा है। शहर में कुल 105 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां करीब 1 लाख 32 हजार 628 अभ्यर्थी पंजीकृत हैं।
दो पारियों में आयोजित हो रही परीक्षा
पहली पारी की परीक्षा सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक आयोजित हुई, जिसमें सामान्य हिंदी का पेपर हुआ। वहीं दूसरी पारी दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जा रही है, जिसमें सामान्य ज्ञान और सामान्य विज्ञान के प्रश्न पूछे जा रहे हैं। दोनों दिन परीक्षा का यही टाइम टेबल निर्धारित किया गया है।
कड़ी सुरक्षा और सख्त दिशा-निर्देश लागू
परीक्षा को लेकर इस बार कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। अभ्यर्थियों को सुबह 9 बजे से 10 बजे तक ही परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश दिया गया और परीक्षा शुरू होने से एक घंटे पहले एंट्री बंद कर दी गई। केंद्रों पर सघन चेकिंग की गई और मोबाइल सहित सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है।
विशेष निगरानी दल और पर्यवेक्षकों की तैनाती
परीक्षा समन्वयक एवं एडीएम दीपेंद्र सिंह राठौड़ के अनुसार, 105 केंद्रों में 36 सरकारी और 69 निजी स्कूल-कॉलेज शामिल हैं। परीक्षा की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए 18 सतर्कता दल और 179 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं, जो हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए हैं।
अस्थायी स्ट्रॉन्ग रूम की व्यवस्था
शहर में एलिवेटेड रोड निर्माण कार्य और ट्रेजरी में सीमित स्थान को देखते हुए राजकीय गुरु गोविंद सिंह स्कूल को अस्थायी स्ट्रॉन्ग रूम बनाया गया है। यहां परीक्षा से संबंधित सामग्री सुरक्षित रखी जा रही है।
पढ़ें- Rajasthan News: नागौर में SI भर्ती परीक्षा से पहले हंगामा, पुलिस-स्टाफ विवाद से अभ्यर्थियों की एंट्री रुकी
दूरस्थ केंद्रों तक पहुंच में अभ्यर्थियों को चुनौती
शहर के बाहरी क्षेत्रों में स्थित कुछ परीक्षा केंद्र अभ्यर्थियों के लिए चुनौतीपूर्ण साबित हो रहे हैं। बलिचा और सुखेर के राजकीय विद्यालय मुख्य शहर से लगभग 8 किलोमीटर दूर हैं, जबकि नाई स्थित केंद्र करीब 7 किलोमीटर दूरी पर स्थित है।
पिछली परीक्षा के अनुभव के बाद बढ़ी सख्ती
गौरतलब है कि वर्ष 2021 की SI भर्ती परीक्षा पेपर लीक और नकल के मामलों के चलते रद्द कर दी गई थी। ऐसे में इस बार परीक्षा को पारदर्शिता और सख्ती के साथ आयोजित किया जा रहा है, ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की संभावना न रहे।