बांसवाड़ा जिले में दो पक्षों के बीच हुए उपद्रव एवं तनाव की स्थिती को देखते हुए पिछले एक सप्ताह से भी ज्यादा समय से लगे कर्फ्यू में अब प्रशासन द्वारा थोड़ी ढील दी गई है। कर्फ्यू लगने के बाद से शहर के लगभग सभी प्रतिष्ठान बंद रहे और लोगों को भी घरों से बाहर नहीं निकलने की हिदायत दी गई।
व्यापार की बात करें तो शहर में कर्फ्यू के कारण पिछले एक सप्ताह में व्यापारियों को करोड़ों रुपए का नुकसान होने का अनुमान लगाया गया है। चैम्बर आॅफ कॉमर्स के अध्यक्ष शंभुलाल हिरन के अनुसार हालात बिगड़ने से बैंकों और व्यापार का ट्रांजेक्शन काफी हद तक प्रभावित हुआ है। सबसे ज्यादा नुकसान होटल, फल और थोक का व्यापार करने वालों छोटे व्यापारियों को हुआ है वहीं बड़ी मात्रा में फल-सब्जी और खाद्यान्न सामग्री खराब हुई है।
प्रशासन द्वारा कराए गए सर्वे में व्यापारियों को 50 करोड़ रुपए से भी ज्यादा के नुकसान की बात सामने आई है हालांकि जैसे जैसे कर्फ्यू में ढील दी जाएगी नुकसान के सर्वे का काम वैसे वैसे आगे बढ़ पाएगा जिसमें नुकसान का आंकड़ा और भी बढ़ने का अंदेशा है।
दूसरी तरफ शहर में रोडवेज की बसें नहीं चलने के कारण रोडवेज को राजस्व घाटा हो रहा है। शहर में आगजनी की घटना से लोगों के घरों को भी काफी नुकसान पहुंचा है जिनमें कई लोगों की गाड़ियों को फूंका भी गया था।
गौरतलब है कि बांसवाड़ा में तनाव के बाद से शहर में इंंटरनेट सेवा पूरी तरह से ठप है वहीं स्थितयों में थोड़ा सुधार होने पर यहां प्रशासन द्वारा थोड़ी थोड़ी ढील जरुर दी जा रही है। स्थिती पूरी तरह से कब तक ठीक होगी अभी यह कह पाना मुश्किल है।