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Sirohi: राज्यसभा में सांसद डांगी ने उठाई मांग, सरकारी संस्थानों में संविधान की प्रस्तावना का चित्र लगाया जाए

Thu, 01 Aug 2024 08:25 PM IST
अर्पित याज्ञनिक न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिरोही

सार

सांसद डांगी का कहना था कि भारत सरकार ने सभी सरकारी कार्यालयों, सार्वजनिक संस्थानों और अदालतों में महात्मा गांधी के सम्मान के प्रतीक के रूप में उनका चित्र लगाया जाना अनिवार्य किया हुआ है।
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राज्यसभा में सांसद डांगी। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राज्यसभा सांसद नीरज डांगी ने गुरुवार को विशेष उल्लेख के माध्यम से सभी सरकारी संस्थानों के परिसरों में भारत के संविधान की प्रस्तावना का चित्र अनिवार्य रूप से लगाए जाने के लिए केंद्र सरकार से दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने सभी सरकारी कार्यालयों, सार्वजनिक संस्थानों और अदालतों में महात्मा गांधी के सम्मान के प्रतीक के रूप में उनका चित्र लगाया जाना अनिवार्य किया हुआ है।

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इस दौरान सांसद डांगी का कहना था कि सामाजिक न्याय, समानता एवं भारत के संविधान में उनके योगदान के मद्देनजर सभी सरकारी संस्थानों को डॉ. आंबेडकर का चित्र लगाने का निर्देश दिया है। यह आदेश सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और 2013 से 2019 तक की विभिन्न सरकारी अधिसूचनाओं, परिपत्रों पर आधारित है। इन चित्रों को अनिवार्य रूप से लगाना भारत की स्वतंत्रता, सामाजिक न्याय और संवैधानिक मूल्यों में उनके योगदान की याद दिलाता है। 

सांसद ने संविधान की प्रस्तावना की महत्ता पर विस्तृत चर्चा करते हुए बताया कि वर्ष 2019 में सुप्रीम कोर्ट ने सभी स्कूलों एवं शैक्षणिक संस्थानों को अपने परिसर में भारतीय संविधान की प्रस्तावना का चित्र लगाने का निर्देश दिया था। प्रस्तावना को इस तरह प्रदर्शित करना संविधान और भारत के शासन ढांचे के अभिन्न अंग के रूप में इसके महत्व को स्वीकार करता है। सभी स्कूलों और शैक्षणिक संस्थानों की तरह, सभी सरकारी संस्थानों को भी राष्ट्रीय एकता, मूल्यों और संवैधानिक जिम्मेदारी की भावना को बढ़ावा देते हुए प्रस्तावना को प्रमुखता से प्रदर्शित करना चाहिए। 
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उन्होंने कहा कि सभी सरकारी संस्थानों में भारत के संविधान की प्रस्तावना का प्रदर्शन जहां एक ओर राष्ट्रीय एकता, संप्रभुता, समाजवाद, धर्मनिरपेक्षता और लोकतंत्र के प्रति प्रतिबद्धता दर्शाता है। वहीं, इसमें निहित सिद्धांत लोक सेवकों के लिए एक अनुस्मारक के रूप में कार्य कर रहा है। डांगी ने भारत सरकार से आग्रह किया है कि सभी सरकारी संस्थानों के परिसरों में भारत के संविधान की प्रस्तावना के चित्र को अनिवार्य रूप से लगाए जाने के लिए उचित दिशा-निर्देश तत्काल जारी करें।

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