राजसमंद के देवगढ कस्बे में बदमाशों ने पेट्रोल डाल कर पुजारी को जिंदा जलाने का प्रयास किया था। जिससे गंभीर रूप से झुलसे पुजारी नवरत्न की इलाज के दौरान शनिवार को मौत हो गई। वहीं पुजारी की घायल पत्नी जमना देवी का हॉस्पीटल में इलाज जारी है।
पुजारी के बेटे ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस समय रहते कार्यवाही कर लेती तो आज यह घटना नहीं घटती। पुजारी की पुत्र मुकेाश ने आरोपियों को सख्त से सख्त सजा देने की मांग की है। वहीं पुजारी की मौत के बाद पुलिस ने शव को एमबी होस्पीटल की मोर्चरी में रखवाया है। जहा आवश्कय कार्यवाही के बाद पोस्टमार्टम करा शव परिजनों को सौंपा जाएगा।
पुजारी को जिंदा जलाने की घटना के बाद पुलिस विभाग ने अपने दो अधिकारियों को निलंबित कर दिया। मामले में कार्रवाई करते हुए देवगढ़ थाना अधिकारी शैतन सिंह और कामली घाट चौकी प्रभारी राजू सिंह को निलंबित कर दिया।
बताया जा रहा है कि कस्बे के देवनायाण मंदिर की करीब 12 बीघा बेशकीमती जमीन है। इसी को लेकर पुजारी परिवार और दबंगों के बीच में विवाद भी चल रहा है। जिसको लेकर पुजारी परिवार की ओर से शिकायत भी की गई है। पुजारी परिवार के सदस्यों ने मामले में बड़े-बड़े लोगों के हाथ होने की भी आशंका जाहिर की है। पुलिस मामले की हर पहलु पर जांच कर रही है।