कोटपूतली-बहरोड़ जिले की प्रागपुरा थाना पुलिस ने अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने कोटपूतली थाने के हिस्ट्रीशीटर और 25 हजार रुपये के इनामी बदमाश अनिल उर्फ लीला को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से एक देशी पिस्टल और चार जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था और उसके खिलाफ लूट, फायरिंग, मारपीट और करोड़ों रुपये की कॉपर चोरी समेत कई गंभीर मामले दर्ज हैं।
अवैध हथियार खरीद-फरोख्त करने वालों विशेष निगरानी
जिला पुलिस अधीक्षक सतवीर सिंह (आईपीएस) के निर्देश पर अवैध हथियार रखने और उनकी खरीद-फरोख्त करने वालों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नाजिम अली खान और विराटनगर वृत्ताधिकारी उमेश कुमार निठारवाल के सुपरविजन में प्रागपुरा थाना प्रभारी भजनाराम के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया।
एक पिस्टल और चार जिंदा कारतूस बरामद
लगातार सूचना संकलन और तकनीकी निगरानी के आधार पर पुलिस टीम ने रविवार को कार्रवाई करते हुए बालका की ढाणी, गोपालपुरा निवासी 24 वर्षीय अनिल उर्फ लीला पुत्र दाताराम गुर्जर को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक देशी पिस्टल और चार जिंदा कारतूस बरामद हुए।
आरोपी कोटपूतली थाने का है हिस्ट्रीशीटर
पुलिस के अनुसार, आरोपी कोटपूतली थाने का हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ कोटपूतली, पनियाला, सरूंड और प्रागपुरा सहित विभिन्न थाना क्षेत्रों में लूट, मारपीट, फायरिंग और अन्य गंभीर अपराधों के कई मुकदमे दर्ज हैं। वह प्रागपुरा थाने में दर्ज करीब 2.58 करोड़ रुपये की कॉपर चोरी के मामले का मुख्य आरोपी भी है। वारदात के बाद से फरार चल रहे आरोपी पर पुलिस ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।
आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 के तहत मामला दर्ज
गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 के तहत एक नया मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद पिस्टल उसे कहां से मिली और इसका इस्तेमाल किन-किन वारदातों में किया गया। साथ ही उसके आपराधिक नेटवर्क और सहयोगियों के संबंध में भी गहन पूछताछ की जा रही है।
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पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में अपराधियों और अवैध हथियार रखने वालों के खिलाफ विशेष अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सके।