बहरोड़ नगर परिषद चुनाव के मतदान के दौरान संजय अग्रवाल को पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। हिरासत की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में लोग पुलिस थाने के बाहर एकत्रित हो गए और पुलिस कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन शुरू कर दिया। देर रात तक भी लोगों की भीड़ थाने के बाहर मौजूद रही। शनिवार को भी मामले को लेकर विरोध का दौर जारी रहा।
पुलिस कार्रवाई पर सवाल, राजनीतिक दबाव का आरोप
प्रदर्शन कर रहे लोगों ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि संजय अग्रवाल को राजनीतिक दबाव के चलते हिरासत में लिया गया है। विरोध के तौर पर कई व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद रखीं और कार्रवाई के खिलाफ नाराजगी जताई। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि मतदान के दौरान की गई इस कार्रवाई को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं।
संजय अग्रवाल की पत्नी ने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में लड़ा चुनाव
जानकारी के अनुसार, संजय अग्रवाल की पत्नी ने नगर परिषद चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ा है। चुनाव के बाद सभापति पद की दावेदारी को लेकर संजय अग्रवाल की पत्नी का नाम भी राजनीतिक गलियारों में चर्चा में बताया जा रहा है। ऐसे में मतदान के दौरान संजय अग्रवाल को हिरासत में लिए जाने को लेकर समर्थकों और स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिली।
पुलिस ने शांतिभंग के आरोप में हिरासत में लेने की बात कही
पुलिस के अनुसार, संजय अग्रवाल को एक दिन पहले शांतिभंग के आरोप में हिरासत में लिया गया था। हालांकि, हिरासत की कार्रवाई को लेकर पुलिस की ओर से विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है। इसी बीच कार्रवाई के कारणों को लेकर क्षेत्र में अलग-अलग तरह की चर्चाएं भी चल रही हैं।
थाने के बाहर नारेबाजी, अतिरिक्त जाब्ता तैनात
मामले की सूचना मिलने के बाद बड़ी संख्या में लोग थाने के बाहर पहुंचे और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विरोध जताया। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने एहतियातन अतिरिक्त जाब्ता तैनात किया। पुलिस अधिकारी प्रदर्शन कर रहे लोगों से लगातार समझाइश कर मामले को शांत कराने का प्रयास करते रहे।
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शनिवार को भी जारी रहा विरोध
वहीं, रात के बाद शनिवार को भी थाने के बाहर लोगों की आवाजाही बनी रही। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस से हिरासत की कार्रवाई का कारण स्पष्ट करने और मामले में निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की। पुलिस अधिकारियों ने लोगों को कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा मामले में नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
नगर परिषद चुनाव के बीच गरमाई स्थानीय राजनीति
नगर परिषद चुनाव के बीच सामने आए इस घटनाक्रम ने बहरोड़ की स्थानीय राजनीति को भी गरमा दिया है। अब सभी की नजर पुलिस की ओर से हिरासत की कार्रवाई को लेकर सामने आने वाले आधिकारिक पक्ष और आगे की कार्रवाई पर टिकी है।