Kota: राजस्थान के 6 से अधिक शहरों का तापमान 40 डिग्री से अधिक दर्ज किया गया है। बाड़मेर जिले के अलावा कोटा, चित्तौड़गढ़, जैसलमेर, जोधपुर और जालौर में भीषण गर्मी के साथ हीटवेव चली है और यहीं आसार आगामी दिनों भी देखने को मिलेगा।
राजस्थान में भीषण गर्मी बढ़ने के साथ ही इसका असर भी देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग ने अगले तीन से चार दिनों में प्रदेश के कई जिलों में भीषण गर्मी और हीट वेव का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में कोटा भी शामिल है। सोमवाार को कोटा में 41 डिग्री से अधिक का तापमान रिकोर्ड किया गया है। मौसम विभाग की मानें तो ये हालात 9 अप्रैल तक जारी रहने की संभावना जताई जा रही है। वहीं चिकित्सकों ने भी इस मौसम में बुजुर्ग और बच्चों को बिना काम के दोपहर में घरों से बाहर न निकलने की सलाह दी है।
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वहीं पिछले 24 घंटों में राजस्थान के 6 से अधिक शहरों का तापमान 40 डिग्री से अधिक दर्ज किया गया है। राजस्थान के बाड़मेर जिले के अलावा कोटा, चित्तौड़गढ़, जैसलमेर, जोधपुर और जालौर में भीषण गर्मी के साथ हीटवेव चली है और यहीं आसार आगामी दिनों भी देखने को मिलेगा। दिन में पारा चढ़ने का असर रात में भी महसूस होने लगा है। घरों में पंखे तो दूर की बात एसी तक भी फेल होने लगे हैं। शहरवासियों का कहना है कि मार्च महीने के आखिरी के दिनों में जिस तरह की गर्मी पड़ी ऐसा कभी देखने को नहीं मिला है। जो लोग काम पर जाते है, उनको इस भीषण गर्मी में काम करने में काफी कठिनाइयां हो रही है। पूरे दिनभर काम करने के लिए लोगों को तरल पदार्थ का उपयोग करना पड़ रहा है।
भीषण गर्मी और अचानक हुए मौसम परिवर्तन से बिमारियां भी बढ़ने लगी है। संभाग के सबसे बड़े एमबीएस अस्पताल में भी मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। भीषण गर्मी में खांसी, जुखाम, सिर दर्द के अलावा मरीजों को डीहाईड्रेशन की शिकायत भी मरीजों को होने लगी है। कोटा में हीटवेव के आसार लगातार बढ़ने लगे है। पिछले साल के मुकाबले इस बार में हीटवेव से ज्यादा परेशानियां सामने आ रही है।
कोटा के सीनियर फिजिशियन डाॅ. सुधीर उपाध्याय ने बताया कि गर्मी के दिनों में सूती कपडे़ पहने और घर से निकले तो साफी का इस्तेमाल अपने सिर को ढकने के लिए करे। इन दिनों में खासी जुखाम के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। उन्होंनें कहा कि घर से जब भी बाहर निकले तो कुछ खाकर ही निकले साथ ही अपने साथ पानी की बोतल भी रखे और ये कोशिश करे कि सादा पानी की जगह उसमें नीबू के साथ शक्कर नमक का घोल कर ले ताकि पानी की पूर्ति के साथ शरीर की ओर कमी को भी दूर किया जा सके। साथ ही छिले हुए फल-फ्रूट का इस्तेमाल करे। तरबूज में सोडियम और पोटशियम भरपूर होता है, इसलिए समय समय पर तरबूज को खाने में इस्तेमाल करते रहे। इसके अलावा खीरा, ककड़ी, चीकू, अनार, सेब को भी खाने में इस्तेमाल करे।