कोटा पुलिस ने शुरू किया 'ऑपरेशन हॉक'
- फोटो : Amar Ujala
कोटा जिले में बढ़ती चाकूबाजी की घटनाओं को रोकने के लिए कोटा शहर पुलिस अब पूरी तरह एक्शन मोड में आ गई है। चाकूबाजी सहित अन्य धारदार हथियारों से होने वाले अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए शहर में ‘ऑपरेशन हॉक’ शुरू किया जा रहा है। इसको लेकर शहर के संदिग्ध और आपराधिक गतिविधियों वाले स्थानों पर पुलिस की टीमें सघन अभियान चलाएंगी और अपराधियों को पकड़कर सलाखों के पीछे पहुंचाएंगी। ‘ऑपरेशन हॉक’ के पोस्टर का भी आज विमोचन कर दिया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य युवाओं को अपराध और आपराधिक सक्रिय गैंग से दूर रखना है।
शहर में नौ टीमों का गठन किया गया
शहर पुलिस अधीक्षक तेजस्वनी गौतम ने बताया कि ‘ऑपरेशन हॉक’ के जरिए चाकूबाजी की घटनाओं को रोकने के लिए सहायक कदम उठाए जाएंगे। इसके लिए शहर में नौ टीमों का गठन किया गया है और प्रत्येक टीम में 6 पुलिसकर्मियों को शामिल किया गया है। इन टीमों के पास मल्टी डिटेक्टर मशीनें भी होंगी। इस अभियान की शुरुआत से पहले सभी टीमों के सदस्यों को पूरी तरह प्रशिक्षित किया गया है।अभियान के तहत संवेदनशील और चिन्हित हॉटस्पॉट पर सघन नाकाबंदी और वाहन चेकिंग के साथ मौके पर मौजूद लोगों की सघन तलाशी ली जाएगी। ऐसे में अगर किसी के पास चाकू या धारदार हथियार मिलता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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कोचिंग एरिया पर रहेगी विशेष नजर
एसपी ने बताया कि चाकूबाजी की ज्यादा घटनाएं कोचिंग एरिया में देखने को मिली हैं। यहां दूर-दराज से स्टूडेंट पढ़ाई के लिए आते हैं। ऐसे में इन छात्रों की सुरक्षा करना हम सभी का दायित्व बनता है। इसके अलावा स्कूल और कॉलेज वाली जगहों पर भी पुलिस की विशेष नजर रहेगी। साथ ही शहर में बने होटल और लॉज पर भी पुलिस समय-समय पर जाकर सत्यापन करेगी, ताकि इन जगहों पर अगर कोई संदिग्ध व्यक्ति हो तो उसकी पहचान की कार्रवाई की जा सके। पुलिस ने कहा कि इस तरह की कार्रवाई करने से आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास बढ़ेगा और अपराधियों में भय का माहौल होगा।