जोधपुर शहर में लगातार बढ़ती गर्मी ने आमजन की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंचने से दिन के समय सड़कों और बाजारों में लोगों की आवाजाही कम हो गई है। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण लोग जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकल रहे हैं। दोपहर के समय शहर के कई इलाकों में सन्नाटा जैसा माहौल देखने को मिल रहा है।
हीट वेव से निपटने के लिए अस्पताल की तैयारी
भीषण गर्मी और संभावित हीट वेव के खतरे को देखते हुए संभाग के प्रमुख मथुरादास माथुर (एमडीएम) अस्पताल में विशेष इंतजाम किए गए हैं। अस्पताल प्रशासन ने गर्मी से प्रभावित मरीजों के इलाज के लिए दो अलग वार्ड तैयार किए हैं। साथ ही गंभीर मरीजों की स्थिति को संभालने के लिए कूलिंग ब्लैंकेट और कूलिंग उपकरणों की अतिरिक्त व्यवस्था करने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
डॉक्टरों ने दी सतर्क रहने की सलाह
चिकित्सकों का कहना है कि हीट वेव के मरीजों में सामान्य दवाओं का असर सीमित हो सकता है। ऐसे मामलों में शरीर के तापमान को नियंत्रित करने के लिए विशेष कूलिंग तकनीक की आवश्यकता पड़ती है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ सकता है, इसलिए स्वास्थ्य सेवाओं को पहले से तैयार रखा जा रहा है।
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गर्मी से बचाव के लिए जरूरी सावधानियां
डॉक्टरों ने लोगों को सलाह दी है कि दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें। पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें, हल्के और ढीले कपड़े पहनें तथा सीधी धूप से बचाव करें। यदि किसी व्यक्ति को चक्कर आना, तेज बुखार, अत्यधिक कमजोरी या बेहोशी जैसे लक्षण महसूस हों, तो तुरंत नजदीकी अस्पताल में संपर्क करना चाहिए।