जोधपुर में लगे कर्फ्यू में प्रशासन ने आज सुबह नौ बजे से शाम पांच बजे तक की ढील दी है। इस दौरान लोग अपने जरूरी काम निपटा सकते हैं। इससे पहले शनिवार को भी प्रशासन ने चार घंटे की छूट दी थी। बताया जा रहा है कि रविवार को कर्फ्यू में ढील के दौरान हालात सामान्य रहे तो इसे हटाया भी जा सकता है।
पुलिस उपायुक्त कार्यपालक मजिस्ट्रेट मुख्यालय व यातायात राजकुमार चौधरी ने इसके लिए आदेश जारी किया। आदेश में बताया गया है कि छूट अवधि के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर पांच या पांच से अधिक व्यक्ति एकत्रित नहीं होंगे। छूट अवधि के दौरान फल, सब्जी, डेयरी, किराना, चश्मे की दुकानों को छोड़कर अन्य समस्त प्रकार की दुकानें बंद रहेंगी।
छूट अवधि में मेडिकल स्टोर्स तक दवा आपूर्ति करने वालों को आवागमन की छूट रहेगी। छूट अवधि में समस्त प्रकार के वाहनों (दवा आपूर्ति करने वाले वाहनों को छोड़कर) का आवागमन वर्जित रहेगा।
कर्फ्यू ग्रस्त क्षेत्र के समस्त व्यक्तियों को छूट अवधि समाप्त होने से पहले ही अपने-अपने घरों में पहुंचना होगा। छूट के दौरान कोई भी व्यक्ति वैध, अवैध अस्त्र-शस्त्र लेकर घरों से बाहर नहीं निकलेंगे। यह आदेश आठ मई रविवार के लिए ही मान्य होंगे।
बता दें कि शहर में भड़की हिंसा के बाद दस थाना इलाकों में आठ मई रात 12 बजे तक कर्फ्यू लगा हुआ है। इंटरनेट सेवा भी बंद है। शहर के हालात सामान्य करने के लिए प्रशासन लगातार प्रयास कर रहा है। समाज के लोगों के साथ बैठक कर शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है।
दस थाना क्षेत्रों में लगा है कर्फ्यू
उदयमंदिर, सदर कोतवाली, खांडाफलसा, प्रताप नगर, सदर बाजार, नागोरी गेट, देव नगर, प्रताप नगर सदर, सूरसागर और सरदारपुरा थाना क्षेत्र में रविवार रात 12 बजे तक कर्फ्यू लगाया गया है।
इसलिए भड़की थी शहर में हिंसा?
दो मई सोमवार देर रात विशेष समुदाय के लोग जारोली गेट पहुंचे और अपने धर्म का झंडा लगाने लगे। उन्होंने यहां स्वतंत्रता सेनानी बालमुकुंद बिस्सा की प्रतिमा के पास पहले से लगे भगवा झंडे को उतार दिया। इस दौरान कुछ युवक वहां पहुंचे और उन्हें ऐसा करने से मना करते हुए उनका वीडियो बनाने लगे। इसके बाद दूसरे समुदाय के लोगों ने उन पर हमला कर दिया। सूचना मिलते ही दोनों समुदाय के लोग आमने-सामने आ गए। विवाद के बाद दोनों ओर से पथराव शुरू हो गया। जिसमें एक मीडियाकर्मी सहित कुछ अन्य लोग घायल हो गए।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर लोगों को खदेड़कर मामला को शांत कराया। पुलिस के खदेड़ने के बाद एक पक्ष जालोरी गेट के पास और दूसरा ऑक्सफोर्ड स्कूल के पास अपने-अपने इलाके में चला गया। लेकिन, तनावपूर्ण हालात एक फिर बिगड़ गए। ऑक्सफोर्ड स्कूल की ओर से आए लोगों ने पत्थरबाजी शुरू कर दी। इन्हें काबू में करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे। पुलिस के काफी प्रयास के बाद लोग तितर-बितर हुए। मंगलवार सुबह शहर के दस थाना इलाकों में कर्फ्यू लगा दिया गया था।