प्रदेश की भजनलाल सरकार के 2 साल पूरे होने जा रहे हैं। इस अवसर पर भजनलाल सरकार 15 दिसंबर से डोर टू डोर कैंपेन चलाकर अपने विकास कार्यों और उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाएगी। सरकार ने इन 2 वर्षों में अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि सरकारी क्षेत्र में निकाली गई भर्तियों को माना है। इसके साथ ही पेपरलीक के खिलाफ की गई कार्रवाई को लेकर भी सरकार अपनी पीठ थपथपा रही है।
सरकार बोली एक भी पेपर लीक नहीं
अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस एटीएस एवं एसओजी विशाल बंसल ने बताया कि एसआईटी के गठन के बाद से राजस्थान लोक सेवा आयोग, राजस्थान अधीनस्थ कर्मचारी चयन बोर्ड और अन्य भर्ती बोर्डों द्वारा 06 नवंबर 2025 तक कुल 296 छोटी-बड़ी परीक्षाएं सफलतापूर्वक आयोजित की गई और एक भी पेपर लीक नहीं हुआ। इसके अतिरिक्त केंद्र सरकार की अनेक भर्ती परीक्षाएं तथा विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा आयोजित परीक्षाएं भी बिना किसी अनियमितता के सुचारू रूप से संपन्न हुईं।
एसआईटी की सक्रियता से परीक्षा प्रणाली हुई सुरक्षित
राज्य सरकार की ओर से कहा गया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में भर्ती प्रणाली में विश्वसनीयता लौटी है। इसमें एसआईटी की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। एसआईटी की सक्रियता से पूरे तंत्र में अभूतपूर्व बदलाव आया है। परीक्षा लीक गिरोहों और नकल माफिया के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई कर एसआईटी ने परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित बनाया है। उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने पेपरलीक के मामलों की त्वरित जांच और दोषियों पर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए 16 दिसंबर 2023 को एसआईटी (विशेष अनुसंधान दल) का गठन किया था।
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138 एफआईआर दर्ज, 394 आरोपी गिरफ्तार
एसआईटी के गठन के पश्चात डमी अभ्यर्थियों, फर्जी डिग्री और भर्ती परीक्षा संबंधी अन्य अनियमितता के संबंध में पुलिस थाना एसओजी ने 06 नवंबर 2025 तक कुल 138 एफआईआर दर्ज की हैं। इन सभी प्रकरणों में अब तक कुल 394 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जो संगठित अपराधों के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति को दर्शाता है।
हाई-प्रोफाइल मामलों में निर्णायक कार्रवाई
एडीजी बंसल ने बताया कि एसआईटी ने बड़े और हाई-प्रोफाइल मामलों में भी निर्णायक कार्रवाई की है। एसआई भर्ती परीक्षा-2021 में गड़बड़ी करने के आरोप में आरपीएससी के एक निलम्बित सदस्य और एक पूर्व सदस्य को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में कुल 132 आरोपी गिरफ्तार किए गए, जिनमें 61 प्रशिक्षणरत उप निरीक्षक और 6 चयनित उपनिरीक्षक (जिन्होंने जॉइन नहीं किया) सहित 67 उप निरीक्षक शामिल हैं। इसके अलावा, जेल प्रहरी भर्ती परीक्षा 2018 में पेपर लीक के मुख्य आरोपी, टीसीएस कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर जगजीत सिंह को भी गिरफ्तार किया गया है।
युवाओं को समयबद्ध रोजगार के लिए परीक्षा कैलेण्डर व्यवस्था
भर्ती परीक्षाओं को लेकर भर्ती बोर्डों की तरफ से विस्तृत कलैंडर भी जारी किया जा रहा है। सरकार का कहना है कि इससे युवाओं को बड़ी राहत मिली है। अब वे परीक्षाओं की योजनाबद्ध तैयारी कर सकते है। राज्य सरकार ने दो वर्ष के कार्यकाल में अब तक 92 हजार से अधिक नियुक्तियां प्रदान की है। यह पहली बार हुआ है जब इतनी बड़ी संख्या में नियुक्तियों दी गई और परीक्षाओं का संचालन पूर्ण पारदर्शिता के साथ हुआ। वर्तमान में 1.53 लाख पदों पर भर्ती प्रक्रियाधीन है।