राजस्थान में चुनावी बिगुल बज चुका है। कांग्रेस और भाजपा एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रही हैं। इस बीच जयपुर में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ ने कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस बारां से अपने चुनावी अभियान का श्री गणेश कर रही है। इस श्री गणेश में कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी तीनों किरदार उपस्थित हैं।
राजेंद्र राठौड़ ने कहा कि ये वो किरदार हैं, जब सिंतबर में खरगे साहब जयपुर आए थे, तब उन्हें अपनी ही पार्टी के विधायकों का इंतजार करना पड़ा। मगर हद तो तब हो गई कि विधायक नदारद रहे और अपना त्यागपत्र लेकर विधानसभा अध्यक्ष के पास चले गए। हालांकि, त्यागपत्र स्वैच्छिक था या नहीं, उसका फैसला आज भी उच्च न्यायलय में लंबित है। आज जो तीनों किरदार वहां उपस्थित थे और जिस मुद्दे को लेकर इन्होंने अपने चुनाव अभियान का श्री गणेश किया है। उस मुद्दे का आधार लोगों को गुमराह करने के साथ-साथ असत्य पर टिका है।
राज्यपाल का अभिभाषण लोकतंत्र में सबसे पवित्र दस्तावेज
राजेंद्र राठौड़ ने कहा कि राज्यपाल का अभिभाषण लोकतंत्र में सबसे पवित्र दस्तावेज के रूप में माना जाता है। हालांकि, 23 जनवरी 2023 को महामहिम राज्यपाल का अभिभाषण विधानसभा में पढ़ा गया, जिसके पेरा 170 के अंदर इन्होंने कहा कि 2051 में ये ERCP प्रोजेक्ट को पूरा करेंगे। उन्होंने कहा कि जिस ERCP को लेकर आज राजस्थान के अंदर कांग्रेस अपना प्रचार-प्रसार कर रही है। वो विधानसभा में राज्यपाल से कहलवाते हैं कि इसे हम 2051 में पूरा करेंगे और तो और 2021-22 के बजट में इन्होंने कहा कि ERCP प्रोजेक्ट को बनाने में सैंतीस हजार करोड़ रुपये के बजट में प्रावधान भी किया है।
CM अशोक गहलोत पर साधा निशाना
राजेंद्र राठौड़ ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर निशाना साधते हुए कहा कि ‘मुख्यमंत्री जी कहते हैं कि मेरे सात करोड़ छप्पन लाख गांरटी कार्ड है’ उस गांरटी कार्ड पर उनकी तस्वीर भी है। लेकिन जिस तरह इन्होंने राजस्थान को आर्थिक आपातकाल में धकेला है वो बहोत कुछ सोचने पर मजबूर कर देती है।