जयपुर, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बयान पर पलटवार करते हुए कहा है कि सीएम गहलोत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के नाम से इतना क्यों घबराते हैं, भाजपा के शीर्ष नेताओं का जब भी राजस्थान दौरा होता है तो सीएम गहलोत के दिल की धड़कन बढ़ जाती है। इसकी बौखलाहट में वे अनाप शनाप बयानबाजी से भी नहीं चूकते।
उन्होंने कहा कि लाल डायरी के तनाव में गहलोत वाणी पर नियंत्रण खोते जा रहे हैं। जिसके कारण वे आए दिन अपने ही बयान बदल रहे हैं। पहले उन्होंने कहा था कि लाल डायरी जैसा कुछ है ही नहीं है। उसके बाद उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि लाल डायरी में लिखा है कि कांग्रेस जीत रही है। सीएम गहलोत कह रहे हैं कि लाल डायरी केन्द्रीय गृह मंत्रालय की साजिश से बाहर आई है। आखिर गहलोत एक बार अपना स्टैंड क्लियर क्यों नहीं कर रहे। अब जब लाल डायरी के पन्ने जनता के सामने आ रहे हैं तो गहलोत की बौखलाहट बढ़ती जा रही है।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के सात सवालों पर कटाक्ष करते हुए नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने कहा है कि गहलोत पहले यह जान ले कि देश के हर नागरिक को जीवन बीमा देने का काम केन्द्र की मोदी सरकार ने 8 साल पहले ही कर दिया था। हर व्यक्ति के इलाज के लिए केन्द्र सरकार आयुष्मान योजना लेकर आई थी, जिसे गहलोत सरकार ने नाम बदलकर चिरंजीवी योजना के नाम से चलाया है।
स्वयंभू सुप्रीमो अशोक गहलोत
ये 500 रुपये में सिलेंडर देने की बात कर रहे हैं, जबकि अभी राज्य सरकार इसके लिए सिर्फ 100 रुपये सब्सिडी दे रही है और करीब 520 रुपये की सब्सिडी केंद्र सरकार दे रही है। ईआरसीपी को लेकर रोज बड़ी बात और दावे करने वाले कांग्रेस के स्वयंभू सुप्रीमो अशोक गहलोत ये भी बता दें कि ईआरसीपी योजना का खाका पूर्ववर्ती भाजपा सरकार ने खींचा था और इसे पूरा भी भाजपा ही करवाएगी। इस योजना के नाम पर जमकर भ्रष्टाचार का तांडव करने के बाद भी अब तक इसके लिए एक पत्थर तक नहीं लगाया गया है। कांग्रेस राज में हुए भ्रष्टाचार और घोटालों के कारण वे अपराधबोध से ग्रसित हो चुके हैं।
तुष्टीकरण का तांडव कांग्रेस सरकार ने किया
नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत कह रहे हैं कि राजस्थान शांतिप्रिय प्रदेश है और पीएम नरेन्द्र मोदी व गृहमंत्री के यहां आकर लोगों को भड़काते हैं, लेकिन उन्हें पता नहीं है कि तुष्टीकरण का जो तांडव कांग्रेस सरकार ने इन पांच सालों में किया है उसे यहां की जनता सदियों तक याद रखेगी। लोगों को अब भी कन्हैयालाल की गला काटकर नृशंस हत्या याद है, लोगों को करौली में शोभायात्रा पर पथराव, जयपुर में कांवडियों पर पथराव, भीलवाड़ा, छबड़ा, जोधपुर में भगवा झंडा उतारकर धर्म विशेष का झंडा फहराना, जयपुर में शास्त्रीनगर में उत्पात, पिछले दिनों रोडरेज में युवक की मौत के बाद हुआ उपद्रव याद है। जयपुर में वर्ग विशेष के युवक की हत्या के बाद तुष्टीकरण के लिए 50 लाख की सहायता देना भी लोगों को याद है कि यहां लोगों को कौन भड़का रहा है।
नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री कन्हैयालाल हत्याकांड की जांच को लेकर सवाल उठा रहे हैं। वे जानते हैं कि इस मामले में अपनी विफलता छिपाने के लिए ही उन्होंने इस मामले की तत्काल जांच एनआईए को सौंप दी थी। उन्हें शायद पता नहीं कि इस मामले में गत वर्ष दिसम्बर में ही एनआईए ने चार्जशीट पेश कर दी है और अब अदालत में बहस चल रही है।