राजस्थान विधानसभा में गुरुवार को भजनलाल सरकार अपने ही विधायक के सवाल पर घिर गई। बीजेपी विधायक ने अपनी ही सरकार पर सदन में गलत जवाब पेश करने का आरोप लगा दिया। सराफ ने एसीबी के मामलों में केस चलाने की मंजूरी देने से जुड़ा सवाल पूछा था। इस पर सरकार की तरफ से जवाब पेश किया गया। उस पर सराफ ने कहा कि मैंने पूछा क्या था और जवाब क्या दिया है। सवाल ही बदल दिया।
इस पर मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने कहा कि हमने सवाल का पिन पॉइंट जवाब दिया है। एक जनवरी 2021 से 2022 तक एसीबी में 1592 केस दर्ज हुए। उनमें से 1189 में केस चलाने की मंजूरी दे दी, 403 पेंडिंग है।
सराफ ने फिर पूरक सवाल पूछा कि सतर्कता आयुक्त ने तीन महीने में ACB के मामलों में केस चलाने की मंजूरी देने का प्रावधान है। फिर भी भ्रष्ट अफसरों के खिलाफ केस चलाने की मंजूरी नहीं दी जा रही। अफसर आपस में मिल जाते हैं। पीएम नरेंद्र मोदी का कहना है न खाऊंगा न खाने दूंगा। भ्रष्टाचार के जीरो टॉलरेंस के आधार पर सरकार चल रही है तो मैं यह पूछना चाहता हूं कि जितने केस पेडिंग हैं, उनके बारे में एक कैबिनेट सब कमेटी बनाने पर विचार करना चाहिए।