राजस्थान पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर राजीव गांधी स्कॉलर्शिप फॉर एकेडमिक एक्सीलेंस योजना को लागू रखने की मांग की है। साथ ही कहा है कि योजना लागू होने से विदेश में पढ़ाई कर रहे बच्चों को किसी भी प्रकार की कोई समस्या नहीं होगी।
गहलोत ने लिखा कि हमारी सरकार द्वारा 500 बच्चों को विदेश में निशुल्क पढ़ाने के उद्देश्य से शुरू की गई राजीव गांधी स्कॉलर्शिप फॉर एकेडमिक एक्सीलेंस योजना भी नई सरकार में अटक गई है। इससे विदेश में पढ़ाई कर रहे बच्चों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। 346 विद्यार्थियों को योजना में चयन के बावजूद स्कॉलर्शिप नहीं मिल पा रही है।
पूर्व में मेरे से मिलने आए विद्यार्थियों ने मुझे ये जानकारी दी तो मैंने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को इस संदर्भ में पत्र लिखा था। अब दोबारा विद्यार्थियों एवं उनके परिजनों ने मिलकर बताया है कि एक सप्ताह से अधिक समय बीत जाने के बाद भी उन्हें स्कॉलर्शिप नहीं मिली है।
गहलोत ने लिखा, मैं मुख्यमंत्री भजनलाल से पुन: आग्रह करना चाहूंगा कि अविलंब राजीव गांधी स्कॉलर्शिप विद्यार्थियों को दी जाए। क्योंकि जो विद्यार्थी पहले ही पहुंच चुके हैं, उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। तय समय के बाद भी स्कॉलर्शिप नहीं आने से इन बच्चों की शिक्षा व कैरियर दोनों पर असर पड़ेगा।