भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने ‘अमर उजाला’ से बातचीत में राधामोहन दास अग्रवाल के उस बयान को सही ठहराया, जिसमें उन्होंने सचिन पायलट को ‘बहुरूपिया’ कहा था। राठौड़ ने कहा कि राधामोहन दास अग्रवाल उत्तर प्रदेश से आते हैं और पायलट का भी उत्तर प्रदेश से संबंध रहा है, इसलिए वहां की राजनीतिक भाषा और अभिव्यक्ति अलग हो सकती है।
राठौड़ ने गिनाए पायलट के “पांच स्वरूप”
मदन राठौड़ ने बातचीत के दौरान सचिन पायलट के “पांच स्वरूप” गिनाते हुए अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि पहला स्वरूप उनका सरल, खूबसूरत और सौम्य व्यक्तित्व है। दूसरा स्वरूप तब देखने को मिला जब उन्हें अपने पिता राजेश पायलट की प्रतिमा पर माल्यार्पण से रोका गया और उनका रौद्र रूप सामने आया।
बगावत और सुलह के दौर का भी किया जिक्र
राठौड़ ने कहा कि तीसरा स्वरूप तब दिखा जब वे कांग्रेस की नीतियों से असंतुष्ट होकर बगावत पर उतर आए। चौथा स्वरूप तब सामने आया जब कांग्रेस आलाकमान ने सुलह और माफी का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि फिलहाल पायलट का पांचवां स्वरूप देखने को मिल रहा है, जिसमें वे फिर से सरल और सभ्य नजर आते हैं।
अशोक गहलोत पर भी लगाए सवाल
बातचीत के दौरान राठौड़ ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर भी तीखे सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि वे गहलोत का सम्मान करते हैं, लेकिन उनके उस बयान ने सवाल खड़े किए हैं, जिसमें उन्होंने माफी मांगने की बात कही थी।
विदेश नीति वाले बयान का भी उल्लेख
राठौड़ ने उदाहरण देते हुए कहा कि जब केंद्रीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने पाकिस्तान को लेकर कड़ा बयान दिया था, तब गहलोत की प्रतिक्रिया पर भी सवाल उठते हैं। इस मुद्दे को लेकर उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व की सोच पर भी टिप्पणी की।
पढ़ें- Jodhpur News: राजस्थान हाई कोर्ट से आसाराम को फिर राहत, स्वास्थ्य कारणों से 25 मई तक बढ़ी जमानत
राठौड़ ने गहलोत पर सचिन पायलट को लेकर ‘कंट्रोल’ करने के आरोप लगाए। उन्होंने सवाल किया कि गहलोत पायलट को ‘बच्चा’ क्यों समझते हैं और उनके फैसलों में दखल क्यों देना चाहते हैं।
भाजपा में आने के सवाल पर दिया संकेत
मदन राठौड़ ने कहा कि वे मानते हैं कि सचिन पायलट एक अच्छे व्यक्ति हैं, लेकिन उनकी पार्टी पर निशाना साधते हुए बोले कि कांग्रेस में राष्ट्रीयता का भाव कमजोर हो चुका है। पायलट के भाजपा में आने के सवाल पर उन्होंने कहा कि पायलट समझदार नेता हैं और अपना फैसला खुद कर सकते हैं।
उन्होंने संकेत देते हुए कहा कि उन्हें वहीं जाना चाहिए जहां ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना हो। पायलट को क्या ऑफर दिया जाएगा, इस सवाल पर राठौड़ ने कहा कि हर व्यक्ति को उसके कर्मों के अनुसार फल मिलता है।