पूर्व कैबिनेट मंत्री महेश जोशी के बाद अब उनके बेटे रोहित भी ईडी की राडार पर हैं। महेश जोशी ने अपने बेटे रोहित जोशी की कंपनी में 50 लाख रुपये डाले थे। ऐसे में ईडी रोहित और उसकी कंपनी से जुड़े लोगों से भी पूछताछ की तैयारी कर रही है।
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जानकारी के मुताबिक, महेश जोशी ने अपने बेटे रोहित जोशी की कंपनी में 50 लाख रुपए डाले थे। इसे लेकर भी ईडी रोहित और उसकी कंपनी से जुड़े लोगों से पूछताछ कर सकती है। ईडी ने अब तक की रिमांड में महेश जोशी से कई सवाल पूछे हैं। जैसे जिन कंपनियों को फर्जी सर्टिफिकेट जारी किए गए उन्हें किस आधार पर चुना गया? क्या इन कंपनियों के संचालकों को महेश जोशी जानते थे? क्या फर्जी टेंडरों और फर्जी सर्टिफिकेट्स की जानकारी उन्हें थी, अगर थी तो उन्होंने क्या कार्रवाई की?
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गौरतलब है कि राजस्थान में जल जीवन मिशन घोटाले में करीब 625 करोड़ रुपये के टेंडर में फर्जी कंप्लीशन सर्टिफिकेट्स जारी किए गए। ईडी ने इस संबंध में पहले घोटाले से जुड़ी फर्मों पर कार्रवाई की थी। इसमें महेश जोशी के करीबी माने जाने वाले संजय बड़ाया सहित कई लोगों की गिरफ्तारी हुई थी। दो दिन पहले ईडी ने महेश जोशी को भी गिरफ्तार कर लिया। ईडी ने महेश जोशी से पूछताछ के लिए कोर्ट से तीन दिन की रिमांड ली। सूत्रों का कहना है कि ईडी कोर्ट में रिमांड की अवधि तीन दिन और बढ़ाने की अर्जी दाखिल कर सकती है।