फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jaipur : भगवान की जमीन को भी नहीं बख्शा भू माफियाओं ने, फर्जी दस्तावेज बनाकर ट्रस्ट की जमीन पर किया कब्जा

Wed, 29 May 2024 10:47 AM IST
प्रिया वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

सार

गोकुलचंद्रमा जी हवेली पुष्टिमार्गीय ट्रस्ट कामां की पांच बत्ती, अर्जुन मार्ग स्थित संपत्ति पर किराएदार द्वारा फर्जी दस्तावेज बनाकर ट्रस्ट जमीन पर कब्जा किए जाने का मामला सामने आया है। इस संबंध में ट्रस्ट के अध्यक्ष जगद्गुरु गो. श्री वल्लभाचार्य महाराज ने जानकारी दी।
विज्ञापन
राजस्थान - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

श्री गोकुलचंद्रमा हवेली पुष्टिमार्गीय ट्रस्ट के अध्यक्ष जगद्गुरु गो. श्री वल्लभाचार्य महाराज ने जानकारी दी है कि प्लाट नंबर C-18,अर्जुन मार्ग, न्यू कॉलोनी, पांचबत्ती जयपुर, जो कि गोकुलचंद्रमा जी हवेली पुष्टिमार्गीय ट्रस्ट कामां की संपत्ति है, पर वहां रह रहे किराएदार ने फर्जी दस्तावेज बनाकर कब्जा कर लिया है। 

विज्ञापन


जानकारी के अनुसार इस संपत्ति के एक हिस्से में वीना शर्मा, पत्नी चेतन शर्मा किरायेदार हैं। ट्रस्ट ने परिसर खाली करने के लिए वाद संख्या 8/1996 दायर किया था, जिस पर 06 जुलाई 2016 को ट्रस्ट के पक्ष में फैसला हुआ। इस निर्णय की अपील न्यायालय में लंबित है।

जगद्गुरु गो. श्री वल्लभाचार्य महाराज ने बताया कि वीना शर्मा ने अन्य लोगों के साथ मिलकर ट्रस्ट की संपत्ति का एक फर्जी पट्टा बनाया। जबकि उपायुक्त, किशनपोल जोन नगर निगम हेरिटेज जयपुर से यह जानकारी मिली कि ऐसा कोई भी पट्टा उनके यहाँ से जारी नहीं हुआ है। इसके बावजूद किशनपोल जोन ने बिना जांच किए और बिना ट्रस्ट को सूचित किए, यू डी टैक्स सर्विस क्रमांक 514915041 पर से ट्रस्ट का नाम हटाकर वीना शर्मा का नाम चढ़ा दिया।
विज्ञापन


इसके बाद वीना शर्मा ने अन्य लोगों के साथ मिलकर ट्रस्ट की संपत्ति का बेचान 15 मार्च 2024 को प्रेम सुराणा, मीनाक्षी सुराणा और अंशु सुराणा के नाम कर दिया। ट्रस्ट की यह संपत्ति ठाकुरजी गोकुलचंद्रमा की है और इसका बेचान संभव नहीं है।

जगद्गुरु ने कहा कि सरकारी विभागों की लचर प्रक्रिया के कारण मंदिरों की संपत्तियों पर भू माफियाओं के षड्यंत्र बढ़ते जा रहे हैं। सरकार को इस दिशा में ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है। उन्होंने मीडिया से अपील की है कि सरकार को उचित कानून बनाने हेतु प्रोत्साहित करें ताकि मंदिरों और सनातन परंपरा का संरक्षण हो सके।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें