सार
पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने भाजपा सरकार को “नकारा और निकम्मी” बताते हुए कहा कि राजस्थान में किसानों को बीज, खाद और बिजली नहीं मिल रही। मुख्यमंत्री दिल्ली दौरों में व्यस्त हैं और कृषि मंत्री दिखावटी छापेमारी में। भाजपा ने इसे गहलोत की राजनीति बताया।
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बुधवार को राजस्थान की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि राज्य में किसानों को बीज, खाद और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं, जिससे वे बुरी तरह परेशान हैं। गहलोत ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा कि राज्य सरकार बुवाई के समय किसानों को बीज उपलब्ध नहीं करा पा रही है। सिंचाई के लिए पानी और बिजली की भारी कमी है, वहीं डीएपी और यूरिया जैसी खादें भी किसानों को समय पर नहीं मिल रही हैं।
उन्होंने कहा कि किसान “इस नकारा और निकम्मी सरकार” के तहत पूरी तरह से त्रस्त हैं। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीना पर निशाना साधते हुए गहलोत ने कहा- “मुख्यमंत्री दिल्ली के दौरे में व्यस्त हैं और कृषि मंत्री केवल दिखावटी छापेमारी करके सुर्खियां बटोर रहे हैं। उन्हें बताना चाहिए कि इन छापों के बाद कितनी एफआईआर दर्ज हुईं और कितने लाइसेंस रद्द किए गए?”
गहलोत ने आरोप लगाया कि सरकार की गैरजिम्मेदाराना कार्यप्रणाली के कारण प्रदेश का किसान “खून के आंसू रो रहा है। उन्होंने पहले भी अंता में एक सभा के दौरान कहा था कि वर्तमान प्रशासन “निकम्मा और नकारा” है। गहलोत ने कहा, “यह वास्तव में कोई सरकार नहीं है- बिना पैसे कोई काम नहीं होता, विकास ठप है और विज़न का अभाव है। यह टाइम-पास सरकार है, जहां न मुख्यमंत्री और न ही मंत्री निर्णय ले पा रहे हैं।”