आपसी रंजिश निकालने, किसी को फंसाने या पुलिस को गुमराह करने के लिए झूठी एफआईआर दर्ज कराने वालों के खिलाफ राजस्थान पुलिस ने बड़ा अभियान शुरू किया है। पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर पिछले एक महीने में ऐसे 75 मामलों में अदालतों ने दोषियों को सजा और जुर्माना सुनाया है, जबकि 1,870 मामलों में अदालतों ने संज्ञान लेकर झूठी शिकायत करने वालों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
सजा दिलाने में हनुमानगढ़ अव्वल
जून महीने में अदालतों से सबसे ज्यादा सजा दिलाने में हनुमानगढ़ पुलिस पहले स्थान पर रही, जहां 18 मामलों में दोषियों को सजा और जुर्माना हुआ। इसके अलावा प्रतापगढ़ में 9 मामलो में, जयपुर ग्रामीण में 6 मामलों में कोटा शहर में 5, अलवर, बांसवाड़ा और ब्यावर में 4-4 ,सवाई माधोपुर में 3 प्रकरणों में, जयपुर दक्षिण, धौलपुर, झुंझुनूं, डूंगरपुर, सिरोही, झालावाड़ और भीलवाड़ा में 2-2 तथा बीकानेर, चूरू और जीआरपी अजमेर में 1-1 प्रकरण में सजा या जुर्माना हुआ।