राजधानी जयपुर के सांगानेर इलाके में वीर तेजाजी मंदिर में मूर्ति तोड़ने के मामले में पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान बीकानेर निवासी सिद्धार्थ सिंह के रूप में हुई है, जो वर्तमान में राजापार्क में रह रहा था। आरोपी तनाव और आर्थिक तंगी से जूझ रहा था और नशे में वारदात को अंजाम दिया।
डीसीपी ईस्ट तेजस्विनी गौतम ने बताया कि आरोपी सिद्धार्थ सिंह राजापार्क में 'तमस कैफे' नाम से एक रेस्टोरेंट चलाता है, जो पिछले कुछ समय से भारी नुकसान में चल रहा था और बंद होने की कगार पर था। शुक्रवार रात आरोपी ने इंटरकॉन्टिनेंटल होटल में अपने दोस्त से मुलाकात की, जहां पार्टी के दौरान शराब पी। लौटते समय नशे की हालत में मंदिर के सामने कार रोक दी। पहले कुत्तों को खाना देने के लिए रुका और फिर मंदिर में चला गया।
सीसीटीवी वीडियो वायरल...
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मंदिर में बैठकर कुछ देर चिंतन करने के बाद मानसिक तनाव और डिप्रेशन में आकर उसने वीर तेजाजी की मूर्ति को तोड़ दिया। घटना के बाद आरोपी ने मंगेतर को घटना की जानकारी दी और अपनी गलती स्वीकार की।
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डीसीपी गौतम ने बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने 10 से ज्यादा टीमें बनाकर जांच शुरू की। 100 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। आरोपी की लोकेशन होटल इंटरकॉन्टिनेंटल टोंक रोड से ट्रेस कर उसे गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपी ने मंदिर में तोड़फोड़ की बात स्वीकार की। फिलहाल आरोपी से आगे की पूछताछ जारी है।