राजस्थान में एक बार फिर से गुर्जर आरक्षण को लेकर जारी आंदोलन के बीच सीएम अशोक गहलोत आंदोलनकारियों से रेल ट्रैक जाम खत्म करने की अपील की है। कर्नल किरोरी सिंह बैंसला के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन कर रहे गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति के सदस्यों को आश्वासन देकर आंदोलन खत्म करने की अपील करते हुए उन्होंने कहा कि 5 प्रतिशत आरक्षण देने का एकमात्र रास्ता संविधान में संशोधन है और इसके लिए पीएम नरेंद्र मोदी को मेमोरेंडम देना चाहिए। उन्होंने आंदोलनकारियों से रेल ट्रैक जाम खत्म करने की अपील की।
मालूम हो कि राजस्थान में विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं, जिसकी वजह से सड़क और रेलवे सेवा बाधित है। समिति ने रेलवे ट्रैक और हाईवे को ब्लॉक कर रखा है। वह राज्य की सरकारी नौकरियों और शिक्षण संस्थानों में पांच प्रतिशत आरक्षण की मांग कर रहे हैं।
रेल रूट्स को ब्लॉक करने के बाद राज्य सरकार ने तीन सदस्यों की एक कैबिनेट कमिटी बुलाई है जो प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर सके। अतिरिक्त गृहसचिव राजीव स्वरूप ने कहा, 'तीन सदस्यों की कमिटी जिसमें कैबिनेट मंत्री रघु शर्मा, विश्वेंद्र सिंह और भंवर लाल शामिल हैं उसे बनाया गया है। वह गुर्जर के साथ बात करेंगें।'
राज्य पुलिस ने गुर्जर बहुल इलाकों में अलर्ट जारी कर रखा है जिसमें दौसा, भरतपुर और अजमेर शामिल हैं। पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा डिविजन की 7 ट्रेनों को डायवर्ट किया गया है। एक ट्रेन को रद्द कर दिया गया है। 3 ट्रेनों की दूरी कम कर दी गई है और एक को आधे रस्ते में कर दिया गया है।
धरने की वजह से कोटा डिविजन की 12059/12060 कोटा-निजामुद्दीन, कोटा-जनशताब्दी एक्सप्रेस, 19803 कोटा-कटरा एक्सप्रेस ट्रेनें अपनी यात्रा 9 फरवरी को करेंगे। वहीं 19804 कटरा-कोटा एक्सप्रेस ट्रेन अपनी यात्रा 10 फरवरी को करेंगी।
गुर्जरों को चार अन्य समुदायों के साथ मिलकर वर्तमान में अति पिछड़ा वर्ग के तहत एक प्रतिशत का आरक्षण मिलता है। इसके साथ उन्हें पिछड़ा वर्ग के तहत भी आरक्षण मिलता है।
गुर्जरों की मांग है कि उन्हें अलग से पांच प्रतिशत आरक्षण दिया जाए। बैंसला ने संवाई माधोपुर के मकसंदपुरा में शुक्रवार को महापंचायत बुलाई है। समुदाय के हजारों लोग पंचायत के लिए इकट्ठा हुए हैं। बैंसला द्वारा एक और आंदोलन का आह्वान करने पर समुदाय के सदस्यों ने दिल्ली-मुंबई के रेल रूट को मलारना डुंगा रेलवे स्टेशन पर ब्लॉक कर दिया है।