चहेतों को अवैध तरीके से सैंड स्टोन के खनन पट्टे आवंटित करने के मामले में राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के खिलाफ शहर की एक निचली अदालत ने मंगलवार को जांच के आदेश दिए।
आदेश के तहत मुख्यमंत्री के साथ तत्कालीन उप खान सचिव चंद्रभान सिंह सहित अन्य के खिलाफ भी पुलिस की जांच होगी।
अदालत ने जयपुर के अशोक नगर थाना अधिकारी को 15 दिसंबर तक जांच रिपोर्ट पेश करने के निर्देश भी दिए हैं। मजिस्ट्रेट ने यह आदेश राजकुमार शर्मा के दायर परिवाद पर सुनवाई के बाद दिए।
परिवाद में आरोप है कि पुराने नियम व नीति के तहत मुख्यमंत्री को रिश्तेदारों और जानकारों को खनन पट्टे नहीं मिल सकते थे।
मुख्यमंत्री ने 28 जनवरी 2011 को नई नीति जारी कर खनन पट्टे 50 फीसदी खुली नीलामी व 50 फीसदी लॉटरी के आधार पर आवंटित करने का प्रावधान कर दिया।
इसके बाद मुख्यमंत्री ने 21 नवंबर 2012 को मंत्रिमंडल से यह प्रस्ताव पास करवाया कि जोधपुर के मंडौर स्टोन पार्क के 37 आवेदकों को एक हेक्टेयर के खनन पट्टे जारी किए जाएं, जबकि इन आवेदकों के पास औद्योगिक कटर इकाईयां नहीं थीं।
इससे पहले भी एक अदालत काली सिंध बांध के निर्माण में वित्तीय अनियमितता को लेकर गहलोत के खिलाफ जांच के आदेश दे चुकी है।