देश में इस वर्ष गेहूं की बम्पर पैदावार का अनुमान लगाया जा रहा है। इसी को देखते हुए केन्द्र सरकार ने राजस्थान, पंजाब व मध्य प्रदेश की सरकारों के साथ फूड कॉर्पोरेशन आॅफ इंडिया को जल्द से जल्द गेहूं की खरीद प्रारंभ करने के निर्देश दिए गए हैं। जबकि आमतौर पर देशभर में गेहूं की खरीद राज्य व केन्द्र की एजेंसियां अप्रेल से प्रारंभ करती हैं। केन्द्र सरकार के इस आदेश से उन किसानों को फायदा होगा, जिनकी गेहूं की फसल लगभग तैयार है।
बंपर फसल के अनुमान के बाद एफसीआई ने भी खरीद के लक्ष्य में वृद्धि करने का निर्णय किया है। जहां पिछले वर्ष एफसीआई का गेहूं खरीद लक्ष्य 23 मिलियन टन था वहीं इस वर्ष एफसीआई ने देशभर में 33 मिलियन टन गेहूं खरीद का लक्ष्य रखा है। खाद्य मंत्रालय के एक सीनियर अधिकारी जल्द खरीद प्रारंभ करने से सरकार इस बात की गणना भी आसानी से कर सकेगी कि इस वर्ष गेहूं की सही पैदावार कितनी हुई है और कितना गेहूं आयात करने की आवश्यकता है।
हालांकि इस बात की भी चिंता देखी जा रही है कि पंजाब और हरियाणा ने हाल ही में गेहूं आयात किया है, जिसका असर नई फसल की कीमत पर अवश्य पड़ेगा। गौरतलब है कि इस वर्ष गेहूं की पैदावार देशभर में करीब 96.64 मिलियन टन रहने का अनुमान हैं। जबकि पिछले सीजन में यह आकंड़ा 92.29 मिलियन टन था।