मुख्यमंत्री अशोक गहलोत रविवार को कांग्रेस के धरना-प्रदर्शन में शामिल होने दिल्ली पहुंचे। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत में जमकर केंद्र सरकार पर जुबानी हमला बोला। उन्होंने कहा कि सीबीआई के टारगेट पर राजस्थान है। चुनाव आने वाले हैं। आने वाले दिनों में केंद्रीय जांच एजेंसियां हमारे नेताओं पर छापामार कार्रवाई करेंगी।
अग्निपथ का फैसला नोटबंदी की तरह आननफानन में किया
उन्होंने कहा कि पूरे मुल्क के भविष्य का सवाल है। सीमाओं की रक्षा का सवाल है। इतना बड़ा फैसला इन्होंने आननफानन में कर दिया, जैसे नोटबंदी की गई थी। इसपर कम से कम नेशनल डिबेट होती, पार्लियामेंट में डिस्कशन होता, कमेटी बनी हुई है डिफेंस की, उसमें डिस्कशन हो जाता। उसके बाद फैसला करते। वहीं उन्होंने प्रदर्शन कर रहे युवाओं से अपील की कि वे सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान न पहुंचाएं। आप धरना दो, प्रदर्शन करो, शांति से करो।
सीएम गहलोत ने दिल्ली पुलिस पर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पुलिस दरवाजा तोड़कर एआईसीसी में घुस गई और कांग्रेस वर्कर्स को पीट कर बाहर निकाल दिया। अगर राजस्थान में भाजपा शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन कर रही है, धरना दे रही है तो क्या हम भी उनके साथ ऐसा व्यवहार करें तो इन पर क्या बीतेगी? मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा को सोचना चाहिए और यह कहना चाहिए कि दिल्ली पुलिस ने यह गलत काम किया है।