राजस्थान भाजपा के प्रदेश मुख्य प्रवक्ता और विधायक रामलाल शर्मा ने कहा कि राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बोर्ड और निगमों की घोषणा कर रहे हैं। इनमें ना नियम, ना कानून है और ना भौगोलिक क्षेत्रफल का ध्यान रखा जा रहा है। सिर्फ सियासत के आधार पर बोर्डों और निगमों का गठन किया जा रहा है। सिर्फ लोगों को खुश करने के लिए इनका गठन किया जा रहा है।
क्या मुख्यमंत्री जी बता सकते हैं कि जो पहले बोर्ड और निगम से बनाए गए थे, उन बोर्ड और निगमों ने अब तक क्या काम किया? उनको सरकार द्वारा क्या-क्या शक्तियां दी गई और सरकार के द्वारा दी गईं शक्तियों का उपयोग करते हुए उन्होंने क्या काम किया।
क्या सरकार ने उनके द्वारा किए गए कार्यों को माना? सरकार द्वारा लोगों को सिर्फ खुश करना और सत्ता में वापसी करना ही मुख्यमंत्रीजी का ध्येय है। रामलाल शर्मा ने कहा कि समाज की समस्याओं का समाधान हो, समाज का सही प्रतिनिधित्व हो और समाज की बात उचित स्थानों पर पहुंचे, ये सरकार का प्रयास होना चाहिए, ना की राजनीतिक रोटियां सेकने का प्रयास होना चाहिए।