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Bikaner News: सैनिक की संदिग्ध मौत पर घमासान समाप्त, पांच दिन बाद राजकीय सम्मान के साथ हुआ अंतिम संस्कार

Sun, 29 Sep 2024 09:10 PM IST
अर्पित याज्ञनिक न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बीकानेर

सार

जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में 24 सितंबर को संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाए गए बीकानेर के जवान रामस्वरूप कस्वां का पांच दिन बाद राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार हुआ। जवान के परिजन और ग्रामीणों द्वारा मांगों को लेकर दिए गए धरने के बाद प्रशासन और परिजनों के बीच सहमति बनने पर अंतिम संस्कार संभव हुआ।
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अंतिम विदाई देने उमड़े लोग। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में 24 सितंबर को आर्मी में तैनात बीकानेर के जवान रामस्वरूप कस्वां की संदिग्ध मौत के पांच दिन बाद रविवार को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार संपन्न हआ। सर्व समाज की ओर से पांच दिन से जारी धरना रविवार को समाप्त होने के बाद सैनिक की अंतिम विदाई संपन्न हो पाई।

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बता दें कि सैनिक के परिजनों और ग्रामीणों की ओर से मांगों को लेकर धरना दिया जा रहा था। रविवार को प्रशासन के साथ वार्ता में उन मांगों पर दोनों पक्ष सहमत हो गए। प्रशासन के साथ हुई वार्ता में राजकीय सम्मान के साथ गॉर्ड ऑफ ऑनर के साथ अंतिम संस्कार, मृतक की पत्नी को 50 लाख की राशि देने, संविदा पर नौकरी देने और शहीद का दर्जा देने के लिए गृह मंत्रालय को पत्र लिखने के साथ ही जिला सैनिक कल्याण अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद परिजन मानें। 

इसके बाद मिलिट्री कैंपस से सेना की गाड़ी में जवान की पार्थिव देह को अंतिम संस्कार के लिए उनके गांव पांचू ले जाया गया। इससे पहले लगातार चार दिन से चल रहे धरने के बावजूद भी वार्ता में सहमति नहीं बनने के बाद शनिवार को धरने में शामिल होने के लिए बीकानेर पहुंचे नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने सोमवार से बीकानेर कलेक्ट्रेट पर महापड़ाव की चेतावनी दी थी। इस दौरान हनुमान बेनीवाल ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और प्रदेश के सैनिक कल्याण मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ से भी फोन पर बातचीत की। ठोस आश्वासन मिलने के बाद रामस्वरूप कस्वां के परिजन सहमत हुए और शव के अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए। इसके बाद रामस्वरूप कस्वां के पैतृक गांव में उनका दाह संस्कार किया गया।

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