राजस्थान सरकार के मंत्रियों का दल पीड़िता के घर
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राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में बीते दिनों दिलदहला देने वाली घटना सामने आई थी। कोटड़ी के नरसिहपुरा में दरिंदों ने एक नाबालिग के साथ गैंगरेप कर उसे भट्टी में जिंदा जला दिया। जिसे लेकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तीन मंत्रियों का दल पीड़िता के परिवार से मिलने के लिए भीलवाड़ा भेजा।
दरअसल, भीलवाड़ा के कोटड़ी थाना क्षेत्र के नरसिहपुरा हत्याकांड के मामले में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के निर्देश पर तीन मंत्रियों का एक दल मंगलवार को पीड़िता के परिवार से मिलने के लिए उसके घर पहुंचा। उन्होंने पीड़ित परिवार को सांत्वना दी और घटना स्थल का निरीक्षण कर पुलिस व प्रशासन के अधिकारियों को दिशा निर्देश दिए। मंत्रियों ने ग्रामीणों से बातचीत की और पीड़ित परिवार से अब तक हुई कार्रवाई की जानकारी लेकर विश्वास दिलाया कि सरकार उनके साथ है। इस दौरान जिला कलेक्टर व पुलिस अधीक्षक भी मौजूद रहें।
भाजपा मणिपुर की विफलता को छिपा रही
मीडिया से बातचीत के दौरान गृह राज्य मंत्री राजेंद्र यादव ने कहा कि भाजपा मणिपुर में अपनी विफलता को छिपाने के लिए कोटड़ी के मामले पर राजनीति कर रही है। यह मामला राजनीति का नहीं बल्कि बेटी को न्याय दिलाने के लिए एकजुटता दिखाने का था। किसी भी घटना में पुलिस के लिए शुरुआती पांच दिन जांच के लिए काफी अहम होते हैं, लेकिन भाजपा नेताओं ने धरना-प्रदर्शन कर जांच को प्रभावित करने का काम किया है।
वहीं, राजस्व मंत्री रामलाल जाट ने कहा कि इस जघन्य अपराध की जितनी निंदा की जाए वो कम है। आरोपियों को अंजाम तक पहुंचने के लिए पुलिस सजगता से काम कर रही है। जल्द मामले में चार्जशीट पेश करेगी।
राजस्थान बीज निगम अध्यक्ष धीरज गुर्जर ने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर आज पीड़ित परिवार को पांच लाख की सहायता राशि का चेक दिया गया है। इस मामले में किसी भी दल के नेता को राजनीति नहीं करनी चाहिए। बल्कि उन्हें यहां आकर पीड़ित परिवार के जख्मों पर मरहम लगाने का काम करना चाहिए न कि जख्मों को कुरेदने का। उन्होंने कहा कि भाजपा के मंसूबे को कोटड़ी की 36 कौम ने एकजुटता दिखाते हुए विफल कर दिया है।