भरतपुर जिले में उद्योग नगर थाना क्षेत्र के मडरपुर गांव में एक दर्दनाक घटना सामने आई है। एक परिवार के सात सदस्य पेट्रोल की बोतल चूल्हे पर गिरने से हुए धमाके में बुरी तरह झुलस गए। इनमें दो छोटे बच्चे भी शामिल हैं। घटना के बाद सभी को तुरंत आरबीएम अस्पताल ले जाया गया, जहां से तीन लोगों को गंभीर हालत में जयपुर रेफर कर दिया गया।
गांव के रहने वाले डालचंद (52) अपने परिवार के साथ घर के बरामदे में चूल्हे पर खाना बना रहे थे। पास में बच्चे खेल रहे थे। खाना बनाते समय चूल्हे के ऊपर रखी अलमारी से एक लीटर पेट्रोल से भरी बोतल अचानक गिर गई। चूल्हे की आग के संपर्क में आते ही पेट्रोल ने आग पकड़ ली, जिससे जोरदार धमाका हुआ और आग फैल गई।
इस घटना में डालचंद, उनके बेटे पीतम (32), बहू मंजू (26), पोती हेमलता (छह), भारती (14), भांजा लवकुश (पांच) और बड़े भाई प्रेम सिंह (34) बुरी तरह झुलस गए। ग्रामीणों ने बताया कि घटना के समय पूरा परिवार खाना खा रहा था। चीख-पुकार सुनकर पड़ोसी तुरंत मौके पर पहुंचे और पास से गुजर रहे एक व्यक्ति की कार में सभी घायलों को आरबीएम अस्पताल पहुंचाया।
कैसे हुआ हादसा
परिवार ने पुलिस को बताया कि मोटरसाइकिल का पेट्रोल खत्म हो गया था। पेट्रोल को बोतल में लाकर घर की अलमारी में रखा गया था, जिसे सुबह मोटरसाइकिल में डालने की योजना थी। लेकिन उससे पहले ही यह हादसा हो गया।
आरबीएम अस्पताल में इलाज के बाद गंभीर रूप से झुलसे प्रेम सिंह, हेमलता और लवकुश को जयपुर रेफर कर दिया गया। शेष घायलों का इलाज भरतपुर में ही चल रहा है। सभी की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही उद्योग नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। ग्रामीणों ने बताया कि घर में पेट्रोल जैसी ज्वलनशील चीजें सुरक्षित स्थान पर न रखने के कारण यह हादसा हुआ। इस घटना से मडरपुर गांव में शोक की लहर है। गांव वाले परिवार की मदद के लिए आगे आ रहे हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि पेट्रोल या अन्य ज्वलनशील सामग्री को घर में सुरक्षित स्थान पर ही रखें।