घटना की जानकारी मिलते ही मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी नवीनचंद मीणा और समसा के एडीपीसी रणछोड़लाल डामोर प्रशासनिक अमले के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने विद्यार्थियों, अभिभावकों और ग्रामीणों से उनकी समस्याएं सुनीं।
डूंगरपुर जिले के नवलश्याम स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में गुरुवार को विद्यार्थियों और अभिभावकों ने शिक्षकों की कमी और विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होने को लेकर स्कूल के मुख्य द्वार पर ताला लगाकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित छात्र-छात्राओं और ग्रामीणों ने संचिया–नवलश्याम मार्ग पर चक्का जाम भी किया, जिससे कुछ समय यातायात प्रभावित रहा।
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स्कूल पहुंचने के बाद अभिभावकों और विद्यार्थियों ने मुख्य द्वार पर ताला लगा दिया। उनका कहना था कि विद्यालय में लंबे समय से कई महत्वपूर्ण विषयों के शिक्षकों के पद रिक्त पड़े हैं। हिंदी, अंग्रेजी और विज्ञान विषयों के शिक्षक उपलब्ध नहीं हैं, जिससे विद्यार्थियों की नियमित पढ़ाई प्रभावित हो रही है। अब गणित विषय के शिक्षक का तबादला होने से स्थिति और गंभीर हो गई है। इससे कक्षा 10वीं और 12वीं के विद्यार्थियों की बोर्ड परीक्षा की तैयारी पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। उन्होंने मांग की कि गणित शिक्षक का तबादला तत्काल निरस्त किया जाए या उसी स्तर के योग्य शिक्षक की तुरंत नियुक्ति की जाए।
शिक्षक को लिया आड़े हाथ
इस दौरान छात्राओं ने विद्यालय के एक अन्य शिक्षक पर दुर्व्यवहार और अपमानजनक भाषा का प्रयोग करने के गंभीर आरोप लगाए। छात्राओं का कहना था कि संबंधित शिक्षक के व्यवहार से वे मानसिक रूप से परेशान हैं और विद्यालय का माहौल भी प्रभावित हो रहा है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।
मौके पर पहुंचे अधिकारी
घटना की जानकारी मिलते ही मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी नवीनचंद मीणा और समसा के एडीपीसी रणछोड़लाल डामोर प्रशासनिक अमले के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने विद्यार्थियों, अभिभावकों और ग्रामीणों से उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि छात्राओं की शिकायतों की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। साथ ही गणित शिक्षक के तबादले से विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए शीघ्र वैकल्पिक शिक्षक की व्यवस्था करने का भी आश्वासन दिया। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने स्कूल का ताला खोल दिया और चक्का जाम समाप्त कर दिया। इसके बाद यातायात सामान्य हुआ तथा विद्यालय में भी स्थिति शांतिपूर्ण हो गई। ।