श्रीगंगानगर के अनूपगढ़ में इंदिरा गांधी नहर परियोजना के प्रथम चरण में पर्याप्त सिंचाई पानी की मांग को लेकर किसानों का आंदोलन तेज हो गया है। किसानों के समर्थन में बुधवार को अनूपगढ़ का बाजार पूरी तरह बंद रहा।
इंदिरा गांधी नहर परियोजना के प्रथम चरण में पर्याप्त सिंचाई पानी की मांग को लेकर किसानों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। प्रदर्शनकारी किसानों के समर्थन में बुधवार को श्रीगंगानगर के अनूपगढ़ का बाजार पूरी तरह बंद रहा। क्षेत्र में चाय की दुकानों से लेकर बड़े व्यापारिक प्रतिष्ठानों, निजी स्कूलों और आम लोगों ने अपने प्रतिष्ठान बंद रखकर किसानों की मांगों का समर्थन किया है।
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एडीएम कार्यालय पर बढ़ा सुरक्षा घेरा
सिंचाई पानी की मांग कर रहे किसान गत 21 सितंबर से एडीएम कार्यालय के बाहर अनवरत धरना दे रहे हैं। किसानों द्वारा प्रशासनिक कार्यालय की तालाबंदी करने की चेतावनी दिए जाने के बाद प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। एडीएम कार्यालय के बाहर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। पूरे परिसर की बैरिकेडिंग की गई है और पुलिसकर्मी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
आठ बारी पानी की प्रमुख मांग
आंदोलनकारी किसान नहरी क्षेत्र में आठ बारी सिंचाई पानी उपलब्ध करवाने की मांग पर अड़े हैं। सिंचाई विभाग ने पांच बारी पानी देने पर सहमति जताई थी, लेकिन किसान जल नियमन पर स्पष्ट व्यवस्था चाहते हैं। पर्याप्त पानी न मिलने से सावणी की फसलें प्रभावित हुई हैं, जिससे हाड़ी सीजन के दौरान सरसों की बुवाई पर भी विपरीत असर पड़ने का खतरा है।
किसानों की मांग है कि नहरों में पर्याप्त पानी देकर सिंचाई व्यवस्था स्पष्ट की जाए। फिलहाल अनूपगढ़ का बाजार पूरी तरह बंद है और एडीएम कार्यालय के बाहर भारी पुलिस जाब्ता तैनात है। अब सभी की नजर दोपहर में होने वाली किसान सभा पर टिकी हुई है।