26 अप्रैल को राजस्थान के अलवर जिले में दो मोटरसाइकिल पर सवार पांच आदमियों ने एक अनुसूचित जाति के जोड़े का जबरन रास्ता रोका गया, गालियां दी गईं और महिला को जबरन सड़क से नीचे नाले में घसीटकर ले गए। यहां उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया और इस कृत्य का वीडियो बनाया गया।
आरोपियों ने पति की बुरी तरह पिटाई की और उनके पास मौजूद 2,000 रुपये भी लूटकर ले गए। पीड़िता के परिवार का आरोप है कि उन्होंने 30 अप्रैल को मामला दर्ज कराया लेकिन सात मई तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। तब तक सोशल मीडिया पर सामूहिक दुष्कर्म का वीडियो काफी लोगों तक शेयर किया जा चुका था।
इस मामले में देशव्यापी आक्रोश पैदा हो गया। भाजपा ने इसे लेकर राज्य की कांग्रेस सरकार पर निशाना साधा। पार्टी ने आरोप लगाया कि लोकसभा चुनाव के बीच मामले को दबाने की कोशिश की गई। इस मामले में बसपा अध्यक्ष मायावती भी कूद गई जिनके छह विधायक गहलोत सरकार का समर्थन करते हैं। उन्होंने उच्चतम न्यायालय से राज्य सरकार और पुलिस के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा।
जानें कौन हैं वह पांच आरोपी जिन्होंने सामूहिक दुष्कर्म किया और छठवां आरोपी जिसे वीडियो शेयर करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
छोटेलाला गुर्जर- मामले का मुख्य आरोपी ट्रक ड्राइवर के तौर पर काम करता है और छोटा-मोटा काम करता रहता है। कुछ महीने पहले तक वह अवैध शराब की दुकान चलाता था। यह स्थान सामूहिक दुष्कर्म वाली जगह से ज्यादा दूर नहीं है। उसपर पहले से कई आपराधिक मामले चल रहे हैं। जिसमें लूटपाट भी शामिल है।
हंसराज गुर्जर- छोटेलाल का कजिन वर्तमान में आईटीआई के कॉलेज से पढ़ाई कर रहा है। घटना वाले दिन पांचों आरोपी हंसराज के घर हो रहे एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए पहुंचे थे।
इंदराज गुर्जर- आरोपी की शादी हंसराज की बहन से हुई है। जीविका चलाने के लिए वह ट्रैक्टर चलाता है।
अशोक गुर्जर- चाय की दुकान पर काम करता है।
महेश गुर्जर- निरक्षर शख्स अन्य आरोपियों की तरह छोटे-मोटे काम करता है। वह अशोक का चाचा है।
मुकेश गुर्जर- आरोपी को पुलिस ने सामूहिक दुष्कर्म की वीडियो शेयर करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। मुकेश उसी गांव का रहने वाला है जहां हंसराज खेतों में मजदूर के तौर पर काम करता है।