चांद दिखाई देने के बाद उर्स की विधिवत शुरूआत होने पर 13 जनवरी को 6 दिन के लिए जन्नती दरवाजा खोला जाएगा। उर्स को लेकर दरगाह कमेटी, पुलिस व प्रशासन की ओर से इंतजाम किए जा रहे हैं। दरगाह के खादिम कुतुबुद्दीन सखी ने बताया की सालभर ख्वाजा साहब की मजार पर संदल पेश किया जाता है और यह संदल चांद की 28 तारीख को उतारने की परंपरा रही है। ऐसे में कल उतारे जाने वाले संदल को जायरीनों में वितरित किया जाएगा।
13 जनवरी की चांद रात को तड़के 4 बजे जन्नती दरवाजा खोला जाएगा। इसे सालभर में चार बार खोला जाता है लेकिन उर्स में यह सबसे ज्यादा 6 दिन के लिए खुलता है। दरगाह के खादिम कुतुबुद्दीन सखी ने बताया कि जन्नती दरवाजे पर सालभर जायरीन मन्नत का धागा बांधते हैं।
चांद दिखने के साथ ही 13 जनवरी को अजमेर दरगाह के 812वें उर्स की शुरूआत हो जाएगी। इसके साथ ही प्रतिदिन मजार पर महफिल की रस्मों का आगाज हो जाएगा। सखी ने बताया कि 19 जनवरी को गरीब नवाज की छठी होगी और इसी दिन कुल की रस्म के साथ उर्स का समापन होगा। बड़े कुल की रस्म 22 जनवरी को अदा की जाएगी।
खादिम ने जानकारी देते हुए बताया कि 13 जनवरी को बॉलीवुड की ओर से ख्वाजा को चादर पेश की जाएगी और बॉलीवुड कलाकारों की सलामती के लिए विशेष दुआ मांगी जाएगी। बॉलीवुड की चादर दरगाह के निजाम गेट से जुलूस के रूप में शुरू होकर गरीब नवाज की बारगाह में पेश की जाएगी।