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Punjab: विजिलेंस ने फगवाड़ा में इंस्पेक्टर और उसके साथी को किया काबू, रिश्वत मांगने पर की कार्रवाई

Fri, 11 Oct 2024 03:36 PM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर/कपूरथला (पंजाब)

सार

फगवाड़ा के गांव चाचोकी निवासी कुलविंदर कौर ने विजिलेंस ब्यूरो को शिकायत दी थी कि आरोपियों ने उसके बेटे हर्षदीप, उसकी पत्नी आशिमा और साले अंश शर्मा को मार्च में उस समय हिरासत में लिया था जब वे फगवाड़ा के एक स्थानीय इलाके में स्थित होटल में खाना खा रहे थे। इसके बाद उनके बेटे के खिलाफ एनडीपीएस के तहत मामला दर्ज किया गया।
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रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने कपूरथला जिले के फगवाड़ा सिटी पुलिस स्टेशन के थानेदार को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। इंस्पेक्टर जतिंदर कुमार और उसके साथी जसकरण सिंह उर्फ जस्सा निवासी मोगा को रंगे हाथों पकड़ा गया है। 

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विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि ये गिरफ्तारियां फगवाड़ा के गांव चाचोकी निवासी कुलविंदर कौर की शिकायत के आधार पर की गई हैं। उन्होंने कहा कि कुलविंदर कौर ने विजिलेंस ब्यूरो से संपर्क किया और आरोप लगाया कि उक्त पुलिसकर्मी ने उसके बेटे हर्षदीप, उसकी पत्नी आशिमा और साले अंश शर्मा को मार्च में उस समय हिरासत में लिया था जब वे फगवाड़ा के एक स्थानीय इलाके में स्थित होटल में खाना खा रहे थे। इसके बाद उनके बेटे के खिलाफ एनडीपीएस के तहत मामला दर्ज किया गया। इसके बाद उक्त पुलिस अधिकारी ने हर्षदीप की पत्नी और साले को मामले में शामिल नहीं करने के लिए 50 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की और शिकायतकर्ता ने दबाव में रिश्वत दे दी। 

उन्होंने आरोप लगाया कि इंस्पेक्टर जतिंदर कुमार ने बाद में मामले में साक्ष्य से हर्षदीप के मोबाइल फोन, सोने की अंगूठी और 1.5 लाख रुपये के सोने के कान के स्टड को हटाने के बदले में 50 रुपये की मांग की। शिकायतकर्ता ने रिश्वत की राशि का भुगतान कर दिया और सामान उसे वापस कर दिया गया।
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शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि उक्त निरीक्षक ने उससे बार-बार संपर्क किया और तारा नर्सरी से खरीदे गए पौधों और गमलों के लिए कुल 35,000-40,000 रुपये के बिल का भुगतान करने के लिए कहा। शिकायतकर्ता ने राशि का भुगतान किया। इंस्पेक्टर ने अदालत में उसके बेटे के पक्ष में चालान दाखिल करने और मुकदमे में साक्ष्य में उसका समर्थन करने के बदले शिकायतकर्ता से एक लाख रुपये की मांग की। सौदा 50 हजार रुपये में तय हुआ। 

शिकायतकर्ता ने इसे रिकॉर्ड किया और सबूत के तौर पर ब्यूरो को सौंप दिया। शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने जाल बिछाया और इंस्पेक्टर जतिंदर कुमार और उसके साथी जसकरण सिंह को दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। विजिलेंस ब्यूरो के जालंधर रेंज थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है। 

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