सर्दी से बचने के लिए रात को बंद कमरे में अंगीठी जलाकर सो रहे दो घरों में दो दंपतियों की मौत हो गई। दोनों घटनाएं शुक्रवार रात लुधियाना और बठिंडा में हुईं। बठिंडा में हुई घटना में मृतक दंपति की रजाई में लिपटी तीन माह की मासूम बच्ची बच गई।
पहली घटना लुधियाना के सराभा नगर के ब्लाक-के के मकान में हुई। बंद कमरे में अंगीठी जलाकर सो रहे नेपाल निवासी दंपति की दम घुटने से मौत हो गई। घटना का पता उस समय चला जब मकान मालिक नितिन गर्ग सुबह दंपति का दरवाजा न खुलने पर उन्हें जगाने पहुंचे। नितिन ने दोनों के न उठने की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने दरवाजा तोड़ा। अंदर माने सिंह रावत और उनकी पत्नी रुंबा देवी मृत पड़े थे।
थाना सराभा नगर की पुलिस ने दोनों के शव पोस्टमार्टम के बाद वारिसों के हवाले कर दिए। एसएचओ हरपाल सिंह गरेवाल ने बताया कि दोनों नेपाल के गांव डोडा में रहते थे। मोन सिंह काफी समय से इसी कोठी में काम कर रहा है। कोठी के मालिक का स्टील इंडस्ट्री का काम है और उन्होंने मोन सिंह को सर्वेंट रूम दिया हुआ था। शुक्रवार रात मोन सिंह अपनी पत्नी रुंबा देवी के साथ कमरे में सोने के लिए चला गया।
दोनों ने कोयले वाली अंगीठी जलाई और सो गए। पुलिस के अनुसार, कमरे में कोई रोशनदान नहीं है जिस वजह से अंगीठी की गैस दोनों को चढ़ गई और दोनों की मौत हो गई। रुंबा देवी कुछ दिन पहले ही गांव से आई थी। वह लुधियाना में अपनी बीमारी का इलाज कराना चाहती थी।
उधर, बठिंडा के बाबा दीप सिंह नगर में रह रहे राज मिस्त्री अमनदीप सिंह और उनकी पत्नी कांता देवी की शुक्रवार रात बंद कमरे में अंगीठी से निकली गैस से मौत हो गई। अमनदीप यहां अपनी पत्नी, मां और तीन माह की बच्ची के साथ रहते थे। सुबह जब काफी समय तक पति-पत्नी नहीं जागे तो अमनदीप की मां ने दरवाजा खटखटाया।
कोई जवाब नहीं मिलने के कारण कांता की बहन जोकि परिवार के साथ रहने आई हुई थी, ने किसी तरह कमरे में जाकर देखा तो वहां अमनदीप और कांता मृत पड़े थे। उनकी तीन माह की बेटी नूर रजाई में लिपटी जिंदा थी। घटना की जानकारी मिलने पर वर्धमान चौकी इंचार्ज और नायब तहसीलदार सुभाष मित्तल घटनास्थल पर पहुंचे। नायब तहसीलदार ने डिप्टी कमिश्नर की ओर से पीड़ित परिवार को एक—एक लाख रुपये की मुआवजा देने का भी ऐलान किया।
पुलिस ने मृतक अमनदीप के भाई लवप्रीत सिंह के बयान पर 174 की कार्रवाई कर शवों का पोस्टमार्टम करवाकर वारिसों को सौंप दिया। मोहल्ला निवासियों ने परिवार की गरीब स्थिति को देखते हुए कांग्रेस महिला विंग की जिला प्रधान महिंदर कौर की अगुवाई में प्रशासन से मुआवजा राशि पांच लाख करने की मांग की है।