प्रॉपर्टी टैक्स के मुद्दे पर पंजाब सरकार दोबारा विचार करने के मूड में नजर आ रही है।
सरकार ने इस विवादास्पद मुद्दे पर अब लोगों का फीडबैक लेने का फैसला किया है। जिसके लिए स्थानीय निकाय विभाग के सचिव दो दिनों के दौरान कई शहरों में जाकर लोगों से बात करेंगे।
प्रॉपर्टी टैक्स लागू करने के बाद से ही सरकार के गले की फांस बन गया था। पिछले साल टैक्स लागू करते ही सूबे भर में इसका विरोध शुरू हो गया।
इसके खिलाफ राज्य के सभी रेसिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशनों, कारोबारियों ने आंदोलन छेड़ा। जिसके बाद सरकार ने प्रॉपर्टी टैक्स की दरों में रियायत की। कांग्रेस लगातार सरकार के खिलाफ हमला बोल रही थी।
उधर, भाजपा ने भी प्रॉपर्टी टैक्स पर विरोध जताया था, क्योंकि पार्टी को अपना वोट बैंक खिसकता नजर आ रहा था।
अब चुनाव के बाद भाजपा नेताओं ने फिर प्रॉपर्टी टैक्स का मुद्दा उठाया है। जिसके बाद सरकार ने नए सिरे से रिव्यू की तैयारी की है।
निकाय विभाग के सचिव 27-28 मई को कई शहरों में लोगों से मिलकर प्रॉपर्टी टैक्स पर फीड बैक लेंगे। वह 27 मई को सुबह 11.30 बजे पटियाला नगर निगम में मीटिंग करेंगे।
शाम साढ़े तीन बजे सर्किट हाउस, बठिंडा में लोगों से मिलेंगे। शाम छह बजे सेंट्रल क्लब, फरीदकोट में मीटिंग रखी गई है।
28 मई को सुबह 11.30 बजे सर्किट हाउस, अमृतसर में वह लोगों से मुलाकात करेंगे। दोपहर दो बजे डीसी दफ्तर जालंधर और शाम पांच बजे सर्किट हाउस लुधियाना में लोगों के साथ बैठक कर फीडबैक लेंगे।
बैठकों में रेसिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशनों के प्रतिनिधि अपनी बात रखेंगे। इस मौके पर निकाय विभाग के डायरेक्टर, डिप्टी डायरेक्टर व निगमों के कमिश्नर मौजूद रहेंगे।
परिवार में प्रॉपर्टी ट्रांसफर पर स्टांप ड्यूटी खत्म
पंजाब सरकार ने खून के रिश्तों में संपत्ति तब्दील कराने पर स्टांप ड्यूटी में पूरी छूट की घोषणा की है। कोई भी व्यक्ति अपने बच्चों, पोते-पोतियों, भाई और बहन को अपनी अचल संपत्ति बिना किसी स्टांप ड्यूटी के ट्रांसफर कर सकेगा।
राजस्व विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं। इससे पहले पोते-पोतियों को प्रॉपर्टी ट्रांसफर करने में पांच फीसदी स्टांप ड्यूटी लगती थी।
महिलाओं को भी तीन प्रतिशत देनी पड़ती थी। पहले भाई और बहन को छूट की कैटेगरी में नहीं रखा गया था। अब उनके बीच प्रॉपर्टी ट्रांसफर होने पर स्टांप ड्यूटी नहीं लगेगी।
सरकार ने एक अन्य आदेश के तहत पेडा से मंजूर प्रोजेक्ट लगाने पर भी स्टांप ड्यूटी से छूट दी है। गैर परंपरागत ऊर्जा नीति के तहत स्वीकृत प्रोजेक्ट स्थापित करने के लिए किसी कंपनी को जमीन खरीदने पर रजिस्ट्रेशन फीस नहीं देनी होगी।