चंडीगढ़ पुलिस से बर्खास्त कांस्टेबल ने अपनी प्रेमिका के साथ मिलकर सेक्टर-17 थाने से महज 100 कदमों की दूरी पर ट्रैफिक पुलिस के इंस्पेक्टर सुच्चा सिंह की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी।
सोनीपत में अपनी प्रेमिका के पति और सास की सरकारी एसएलआर से हत्या करने के बाद उसे चंडीगढ़ पुलिस से बर्खास्त किया गया था और हरियाणा सरकार ने उसके ऊपर एक लाख का इनाम भी रखा था।
घटना शुक्रवार रात करीब ढाई बजे की है।
ट्रैफिक यूनिट में तैनात इंस्पेक्टर सुच्चा सिंह ड्राइवर होमगार्ड जवान जतिंद्र के साथ चेकिंग कर रहे थे। इस दौरान सेक्टर-17 जिला अदालत के गेट के पास (बस स्टैंड की तरफ) एक युवक और युवती खड़े थे।
इंस्पेक्टर सुच्चा सिंह अदालत के गेट के पास जिप्सी से उतरे और दोनों से पूछताछ की, लेकिन संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर दोनों को इंटरसेप्टर जिप्सी में पीछे बैठाकर सेक्टर-17 पुलिस स्टेशन ले जाने लगे।
यह युवक कोई और नहीं, बल्कि चंडीगढ़ पुलिस से बर्खास्त कांस्टेबल बसंत उर्फ बंटी था।
अभी यह जिप्सी थाने के लिए चली ही थी कि बंटी ने इंस्पेक्टर पर चाकुओं से वार करना शुरू कर दिया। उसने सुच्चा सिंह के सीने पर दाईं तरफ छह वार किए।
जब ड्राइवर बचाव को आगे बढ़ा तो उसके हाथ पर भी वार किए। जब दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए तो बंटी उन्हें सड़क पर फेंककर प्रेमिका के साथ इंटरसेप्टर जिप्सी लेकर फरार हो गया।
होमगार्ड जवान जतिन्द्र ने अपने मोबाइल से पुलिस कंट्रोल रूम को घटना की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने दोनों को सेक्टर-16 जनरल अस्पताल पहुंचाया।
गंभीर हालत होने के कारण दोनों को यहां से पीजीआई रेफर कर दिया गया, जहां डाक्टरों ने इंस्पेक्टर सुच्चा सिंह को मृत घोषित कर दिया। वहीं, जतिंद्र की हालत गंभीर बनी हुई है।