मोगा में भी किसानों और पुलिस के बीच झड़प
मोगा में किसान डीसी दफ्तर का घेराव करने जा रहे किसानों की पुलिस के साथ धक्का मुक्की हो गई। मोगा किसान मजदूर संघर्ष कमेटी की ओर से मोगा डीसी दफ्तर घेराव करने जाते समय मोगा के गांव तलवंडी भगरिया में पुलिस ने किसानों को रोकने की कोशिश की। प्रदर्शनकारी किसानों ने पुलिस की गाड़ी को धक्का देकर साइड कर दिया और डीसी दफ्तर की लिए रवाना हो गए। पुलिस किसानों को रोकने में नाकाम रही।
फरीदकोट में धरना देने पहुंचे 200 किसानों को हिरासत में लिया
फरीदकोट में जिला पुलिस ने अमृतसर-बठिंडा नेशनल हाइवे पर धरना देने पहुंचे लगभग 200 किसानों को हिरासत में ले लिया। किसान गांव पक्का के पास हाइवे जाम करने की योजना बना रहे थे। किसानों का यह प्रदर्शन खनौरी और शंभू बॉर्डर पर हुई कार्रवाई के विरोध में था। वहां एक दिन पहले किसानों को हटाया गया था और किसान नेताओं को गिरफ्तार किया गया था।
प्रदर्शनकारी किसानों ने पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि राज्य सरकार केंद्र की भाजपा सरकार के इशारे पर काम कर रही है। किसानों ने कहा कि 13 महीने से चल रहे उनके मोर्चे को जबरन समाप्त करवाया गया है। किसानों ने सरकार पर दोहरी नीति का आरोप लगाया। उनका कहना है कि एक तरफ सरकार ने बातचीत का नाटक किया और दूसरी तरफ साजिश रची।
डीएसपी त्रिलोचन सिंह ने बताया कि पुलिस ने किसानों को पहले ही चेतावनी दे दी थी कि हाईवे जाम नहीं करने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि आम लोगों को किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी।