आठ शादियां करने वाली एक लुटेरी दुल्हन को पटियाला पुलिस ने वीरवार को उसके गैंग के तीन सदस्यों के साथ गिरफ्तार कर लिया। अब तक हरियाणा व पंजाब के युवाओं को अपना शिकार बना चुकी यह लुटेरी दुल्हन हर शादी के बाद ससुराल परिवार के गहने व कैश लूटकर फरार हो जाती थी। आरोपियों में लुटेरी दुल्हन के अलावा उसकी मां परमजीत कौर, एक दूर की रिश्तेदार महिला व गिरोह का मुख्य सरगना शामिल है। पुलिस ने आरोपियों के पास से कुछ गहने, जाली आधार व वोटर आईडी कार्ड, शादी के कपड़े व अन्य बरामद किया है। आरोपियों के खिलाफ थाना जुल्कां में विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। वीरवार को आरोपी अपनी गैंग के साथ देवीगढ़ के पास स्थित गांव में नौंवी शादी करने जा रही थी, इसी दौरान इन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
पकड़े गए आरोपियों में आठ शादियां रचाने वाली लुटेरी दुल्हन वीरपाल कौर (30), उसकी मां परमजीत कौर निवासी पटियाला, दूर की रिश्तेदार उमा निवासी पावला थाना ढांड जिला कैथल हरियाणा और गिरोह का मुख्य सरगना रणवीर सिंह उर्फ राणा निवासी गांव ढंडरियां शामिल है। एसपी (सिटी) वरुण शर्मा ने वीरवार शाम को आयोजित एक पत्रकार वार्ता में बताया कि यह गिरोह भोले-भाले लड़कों को फंसा कर वीरपाल कौर के साथ उनकी गुरुद्वारा साहिब या फिर मंदिर में जाकर शादी की रस्में करा देते थे। बाद में दुल्हन कुछ दिन ससुराल घर रहती थी और फिर वहां से सोने के गहने व कैश लेकर फरार हो जाती थी।
एसपी ने बताया कि गिरोह कुछ मामलों में युवाओं को दहेज के झूठे मुकदमों में फंसाकर उनसे मोटी रकम भी वसूलता था। आरोपी वीरपाल कौर से अब तक जो फर्जी शादियां करने संबंधी फोटो और दस्तावेज बरामद हुए हैं, उनमें कुछ पीड़ित पतियों की पहचान प्रदीप कुमार निवासी गांव पूंडरी जिला कैथल हरियाणा, दर्शन कुमार निवासी गांव रेहड़ा जिला कैथल हरियाणा और संजू उर्फ संजय निवासी हिसार हरियाणा के तौर पर हुई है। इसके अलावा पंजाब के भी कुछ पीड़ित हैं, जिके बारे में पता लगाया जा रहा है।
भोले-भाले लड़के तलाशती थीं उमा व परमजीत
गैंग में आरोपी उमा व परमजीत कौर बिचोलन के तौर पर काम करती थीं, जो भोले-भाले लड़के तलाश कर उन्हें वीरपाल कौर से शादी के लिए मनाती थीं। वहीं अपनी पहचान छिपाने में माहिर गैंग का मुख्य सरगना रणवीर सिंह उर्फ राणा शादी करने वाले युवकों को झूठे मुकदमों में फंसाने का डर दिखाकर उनसे मोटी रकम वसूलता था। वीरपाल कौर के पहली शादी से तीन बच्चे भी हैं। अपनी पहचान छिपाने के लिए आरोपी राणा ने दो अलग-अलग नंबरों के जाली आधार कार्ड और वोटर आईडी कार्ड तैयार किए थे, जो बरामद कर लिए गए हैं। आरोपियों के मोबाइल से ही पुलिस ने शादियों के फोटो व वीडियो बरामद किए हैं।