वित्त मंत्री परमिंदर सिंह ढींढसा ने कहा कि 14 वें वित्त आयोग ने पंजाब के साथ भेदभाव किया है।
मोदी
सरकार इसमें सीधा दखल देकर पंजाब के साथ हुए भेदभाव को दूर करे और पंजाब
को उसका बनता हक दिलाए। सोमवार को हलके के दौरे पर आए वित्त मंत्री ने
पत्रकारों से बातचीत में कहा कि कई राज्यों को रेवेन्यू डेफिसेट ग्रांट दी
गई है, लेकिन पंजाब को इससे दूर रखा गया है। उन्होंने वित्त मंत्रियों के
साथ हुई प्री बजट बैठक में केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली के सामने
पंजाब का पक्ष मजबूती से रखकर 15 हजार करोड़ रुपये के पैकेज की मांग की है।
ढींढसा ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि केंद्र सरकार इसे गंभीरता से लेकर पंजाब के साथ न्याय करेगी।
वित्त
मंत्री ढींढसा ने कहा कि पंजाब के पेश होने वाले बजट में स्किल डेवलपमेंट
पर खासा ध्यान दिया जाएगा। नौजवानों में स्किल डेवलप करके उन्हें रोजगार के
अवसर प्रदान कराना सरकार की प्राथमिकता है। एजूकेशन पर भी सरकार का फोकस
रहेगा। सूबे में शिक्षा का स्तर लगातार ऊंचा हो रहा है और इसे ज्यादा बेहतर
बनाने के लिए बजट में खास प्रावधान रखे जाएंगे। मौके पर काउंसिल अध्यक्ष
भागीरथ राय, आढ़ती नेता तरसेम कुलार, सुशील गोयल हाजिर थे।